Buxar News : अनुमंडल अस्पताल में फूड पॉइजनिंग से नौ लोगों के बीमार पड़ने की घटना के बाद प्रशासन ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर सख्ती बढ़ा दी है. मामले को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम के निर्देश पर गुरुवार को राजगोला क्षेत्र में नकली सरसों तेल तैयार किये जाने की सूचना के बाद छापेमारी अभियान चलाया गया. एसडीएम के नेतृत्व में गठित टीम ने आधा दर्जन से अधिक किराना दुकानों की जांच की. इस दौरान सरसों तेल, मसाले समेत विभिन्न खाद्य सामग्री के नमूने लिये गये.
नमूनों की होगी जांच, रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई
अधिकारियों ने बताया कि दुकानों से लिये गये खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए भेजे जा रहे हैं. जांच रिपोर्ट में मिलावट या गुणवत्ता में गड़बड़ी की पुष्टि होने पर संबंधित दुकानदारों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जायेगी. अचानक हुई छापेमारी से राजगोला बाजार के दुकानदारों में हड़कंप मचा रहा. कई दुकानदार अपनी दुकानों के कागजात और खाद्य सामग्री से संबंधित रिकॉर्ड दुरुस्त करते नजर आये.
चीनी कारोबारियों को 4000 क्विंटल तक स्टॉक रखने का निर्देश
जांच के दौरान प्रशासन ने चीनी कारोबारियों को भी आवश्यक निर्देश जारी किये. अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कारोबारी 4000 क्विंटल से अधिक चीनी का स्टॉक नहीं रखेंगे. साथ ही स्टॉक रजिस्टर को नियमित रूप से अद्यतन रखने का निर्देश दिया गया. नियमों का उल्लंघन मिलने पर संबंधित कारोबारियों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गयी.
मिलावटी खाद्य सामग्री की सूचना देने की अपील
प्रशासन ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करने की बात कही है. अधिकारियों ने आम लोगों से संदिग्ध या मिलावटी खाद्य सामग्री की खरीदारी से बचने की अपील की है. साथ ही ऐसी सामग्री की बिक्री की सूचना तत्काल प्रशासन को देने को कहा है. अधिकारियों के अनुसार बाजार में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा.
फूड पॉइजनिंग से प्रभावित मरीजों की हालत में सुधार
इधर, फूड पॉइजनिंग से प्रभावित मरीजों का इलाज अनुमंडल अस्पताल में जारी है. अस्पताल प्रशासन के अनुसार सभी मरीजों की स्थिति में सुधार है और उनकी लगातार निगरानी की जा रही है.
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