Buxar News: जिले के डुमरांव नगर में गुरुवार को पूर्व निर्धारित राज्यव्यापी कार्यक्रम के तहत अखिल भारतीय खेत एवं ग्रामीण मजदूर सभा (खेग्रामस) के नेतृत्व में महंगाई के खिलाफ जोरदार विरोध-प्रदर्शन किया गया. भाकपा माले और खेग्रामस के कार्यकर्ताओं ने नगर में प्रतिवाद मार्च निकालकर केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अंत में प्रधानमंत्री का पुतला दहन कर अपना आक्रोश व्यक्त किया.
जिला कार्यालय से शहीद स्मारक तक निकला प्रतिवाद मार्च
विरोध मार्च नया थाना स्थित भाकपा माले के जिला कार्यालय से शुरू हुआ. इसके बाद कार्यकर्ताओं ने स्टेशन रोड, गोला रोड और पुराना थाना रोड होते हुए शहीद स्मारक तक पैदल मार्च किया. मार्च पुनः नया थाना के समीप पहुंचा, जहां एक नुक्कड़ सभा का आयोजन किया गया. सभा के समापन पर कार्यकर्ताओं ने केंद्र की जनविरोधी नीतियों और बेलगाम महंगाई के विरोध में प्रधानमंत्री का पुतला फूंका.
महंगाई ने आम लोगों और गरीबों की तोड़ी कमर: नारायण दास
सभा को संबोधित करते हुए खेग्रामस के जिला सचिव नारायण दास ने केंद्र और राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार में आवश्यक वस्तुओं के दाम आसमान छू रहे हैं. आटा, दाल, चीनी, प्याज और सरसों तेल जैसी बुनियादी खाद्य सामग्री महंगी होने से गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों का घरेलू बजट पूरी तरह बिगड़ चुका है. उन्होंने आरोप लगाया कि पेट्रोल-डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों और सरकार की पूंजीपति-परस्त नीतियों के कारण आम जनता पिस रही है और सरकार उनकी समस्याओं की अनदेखी कर रही है.
राशन दुकानों से सस्ते दर पर जरूरी सामान देने की मांग
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने 'रोको महंगाई, बांधो दाम, नहीं तो होगा नींद हराम' और 'दाम बांधो-काम दो, नहीं तो गद्दी छोड़ दो' जैसे गगनभेदी नारे लगाए. कार्यकर्ताओं ने जन वितरण प्रणाली (PDS) की दुकानों के माध्यम से चीनी, दाल, प्याज, सरसों तेल और आटा रियायती दरों पर उपलब्ध कराने तथा खाद्य पदार्थों की जमाखोरी पर तुरंत रोक लगाने की मांग की.
कार्यक्रम का संचालन भाकपा माले नगर सचिव कृष्णा राम ने किया. इस मौके पर खेग्रामस जिलाध्यक्ष कन्हैया पासवान, उपाध्यक्ष ललन राम, राज्य नेता सत्यनारायण पासवान, हरेंद्र राम, महफूज, शिवजी राजभर, मुनी देवी, ददन भर, शिवनाथ भर, साधु गोंड, भुआली गोंड, भगवान दास, छठ्ठू भर, सुनील राम, पूजा, उषा, ललन भर, पिंटू पासवान, धनजी राजभर और रमेश यादव सहित दर्जनों कार्यकर्ता मौजूद रहे.
