Jail Reforms: स्थानीय केंद्रीय कारा के बंदियों के व्यावहारिक सुधार और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में पहल की गयी है. इसके तहत बुधवार को कारा परिसर में कृषि विज्ञान केंद्र के सहयोग से विशेष कृषि प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया. इसमें बंदियों को नर्सरी प्रबंधन और उन्नत खेती की तकनीक की जानकारी दी गयी.
प्रशिक्षण के दौरान बंदियों को वैज्ञानिक पद्धति से नर्सरी तैयार करने तथा वैज्ञानिक तरीकों से पौधशाला प्रबंधन की बारीकियां सिखायी गयीं. इसके साथ ही कम लागत में बीज से स्वस्थ और उन्नत किस्म के पौधे तैयार करने की तकनीकी जानकारी भी दी गयी.
कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने कम जमीन पर फल और सब्जियों की आधुनिक खेती कर व्यावसायिक सब्जी व फल उत्पादन के माध्यम से अधिक मुनाफा कमाने के व्यावहारिक तरीके भी बताये.
कृषि विज्ञान केंद्र का मिला सहयोग
यह आयोजन कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. देवकरन के विशेष सहयोग और मार्गदर्शन में संपन्न हुआ. इसमें जेल के करीब 200 बंदियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया.
कृषि वैज्ञानिक ने बंदियों को आधुनिक कृषि उपकरणों और जैविक खाद के प्रयोग के बारे में भी महत्वपूर्ण जानकारी दी.
जेल प्रशासन की रही मौजूदगी
कारा प्रशासन के तत्वावधान में आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में काराधीक्षक ज्ञानिता गौरव और सहायक काराधीक्षक राघवेन्द्र प्रताप सिंह के अलावा जेल स्टाफ उपस्थित रहे.
जेल प्रशासन ने इस पहल को बंदियों के मानसिक और सुधारात्मक विकास के लिए कारगर बताया.
