बक्सर : बक्सर नगर पर्षद के विभिन्न वार्डों में विकास योजनाओं का कार्य तो चल रहा है लेकिन इसकी गुणवत्ता की ओर किसी का भी ध्यान नहीं है. नतीजा कि एकतरफ सड़क व नाला का काम हो रहा है़ वहीं दूसरी तरफ वे टूटते जा रहे हैं. नगर पर्षद के महावीर कॉलोनी के वार्ड नंबर पांच में 42 लाख रुपये से बनी पीपीसी सड़क और नवनिर्मित नाली डेढ़ साल में ही ध्वस्त हो गयी. नगर पर्षद की लापरवाही का नतीजा है कि नयी सड़क छोटे-छोटे वाहनों का भी भार नहीं सह पायी और दम तोड़ दी. सड़क के निर्माण में अनियमितता बरतने की सूचना कई बार नगर पर्षद के अधिकारियों को दी गयी.
बावजूद इसके इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं की गयी. पर्षद की तरफ से सड़क और नाली बनाने के लिए करीब 42 लाख रुपये का टेंडर निकाला गया था, जिसमें संवेदक संजय कुमार ने सड़क का निर्माण कार्य शुरू कराया था और महज 42 दिनों में ही सड़क ध्वस्त हो गयी थी. सड़क जब एक बार टूट गयी तो इसकी खबर समाचार पत्रों में प्रकाशित हुई. खबर छपने के बाद संवेदक ने सड़क की मरम्मती करायी थी लेकिन इसके बाद भी सड़क चल नहीं पायी और कुछ ही दिन चलने के बाद पूरी तरह से ध्वस्त हो गयी. स्थानीय लोगों ने बताया कि सड़क के निर्माण में लापरवाही बरती गयी है. साथ ही गुणवत्ता में अनियमितता बरती गयी है.
संवेदक ने सड़क बनाने में लूट खसोट की है, जिसका खामियाजा महावीर काॅलोनी के लोग झेल रहे हैं. इस सड़क पर अब साइकिल भी चलाना मुश्किल है. इसके लिए कई बार नगर पर्षद के अधिकारियों को जानकारी दी गयी लेकिन अधिकारियों ने कुछ नहीं किया. इस संबंध में नगर पर्षद के कार्यपालक अभियंता ने कहा कि सड़क निर्माण कार्य की जांच करायी जायेगी. अगर जांच में संवेदक दोषी पाये जाते हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जायेगी.
