पटना सिविल कोर्ट को RDX से उड़ाने की धमकी, ईमेल के बाद कोर्ट परिसर खाली

Bomb Threat: एक बार फिर पटना सिविल कोर्ट निशाने पर है. सोमवार सुबह आए एक ईमेल ने पूरे कोर्ट परिसर में हड़कंप मचा दिया, जब आरडीएक्स से बम विस्फोट की धमकी सामने आई.

Bomb Threat: पटना सिविल कोर्ट को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिली है. यह धमकी ईमेल के जरिए दी गई है, जिसमें कोर्ट परिसर में तीन आरडीएक्स आईईडी विस्फोट की बात कही गई है.

धमकी मिलते ही सुरक्षा एजेंसियां हरकत में आ गईं और पूरे परिसर को खाली कराया गया. पुलिस और सुरक्षा बल मौके पर मौजूद हैं और गहन छानबीन जारी है.

ईमेल से मचा हड़कंप, प्रशासन अलर्ट

सोमवार 9 फरवरी 2026 को सिविल कोर्ट प्रशासन को एक ईमेल प्राप्त हुआ, जिसमें कोर्ट परिसर में तीन आरडीएक्स आईईडी लगाए जाने और विस्फोट की धमकी दी गई. यह ईमेल एक अधिवक्ता के मेल आईडी पर प्राप्त हुआ, जिसके बाद इसे तत्काल कोर्ट प्रशासन और जिला बार एसोसिएशन के संज्ञान में लाया गया.

I/C रजिस्ट्रार, सिविल कोर्ट पटना की ओर से जिला बार एसोसिएशन को पत्र लिखकर सभी अधिवक्ताओं और कर्मचारियों को तुरंत कोर्ट परिसर खाली कराने का निर्देश दिया गया.

पुलिस और बम निरोधक दस्ता मौके पर

धमकी की सूचना मिलते ही पीरबहोर थाना पुलिस, बम निरोधक दस्ता और अन्य सुरक्षा एजेंसियां सिविल कोर्ट परिसर पहुंच गईं. कोर्ट के सभी भवनों, चैंबरों और आसपास के इलाकों की गहन तलाशी ली जा रही है. सुरक्षा कारणों से आम लोगों और वकीलों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हर एंगल से मामले की जांच की जा रही है.

यह पहली बार नहीं है जब पटना सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिली हो. इससे पहले भी ईमेल और फोन कॉल के जरिए ऐसी धमकियां सामने आ चुकी हैं, हालांकि जांच में अधिकांश मामले अफवाह या शरारतपूर्ण हरकत निकले थे. बावजूद इसके, हर बार सुरक्षा एजेंसियां किसी भी तरह की चूक नहीं बरतना चाहतीं.

जांच एजेंसियां खंगाल रहीं डिजिटल सुराग

पुलिस अब ईमेल भेजने वाले की पहचान और लोकेशन ट्रेस करने में जुटी है. साइबर सेल की टीम ईमेल के सोर्स, आईपी एड्रेस और तकनीकी पहलुओं की जांच कर रही है.

प्रशासन का कहना है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और जांच पूरी होने के बाद ही कोर्ट परिसर को दोबारा खोला जाएगा.

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लेखक के बारे में

By Pratyush Prashant

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.

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