नालंदा में राशन कार्ड डेटाबेस से हटे 9700 मृतकों के नाम, डीएम कुंदन कुमार बोले: स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं

Nalanda News: नालंदा के जिलाधिकारी कुंदन कुमार की अध्यक्षता में सोमवार को आयोजित समन्वय समीक्षा बैठक में राशन कार्ड डेटाबेस से 9,700 मृत लाभुकों के नाम हटाने की पुष्टि की गई. डीएम ने जल संरक्षण के लिए आहर-पईन की गाद उड़ाही तेज करने, 2 जून को पंचायत स्तर पर सहयोग शिविर लगाने और शिकायतों के लिए हेल्पलाइन नंबर 1100 को प्रभावी बनाने का निर्देश दिया. इसके साथ ही उन्होंने सिविल सर्जन को अस्पतालों में सभी जांच मशीनें चालू रखने और 'मलमास मेला-2026' की तैयारियों में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने की सख्त चेतावनी दी है.

Nalanda News (कंचन कुमार): नालंदा के जिला पदाधिकारी कुंदन कुमार की अध्यक्षता में सोमवार, 1 जून 2026 को जिला, अनुमंडल एवं प्रखंड स्तरीय पदाधिकारियों की एक उच्चस्तरीय साप्ताहिक समन्वय समीक्षा बैठक आयोजित की गई. इस महत्वपूर्ण बैठक के दौरान जिले में चल रही विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं, जनशिकायतों के निवारण और आगामी आयोजनों की तैयारियों की बिंदुवार समीक्षा की गई. बैठक में जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने एक बड़ी प्रशासनिक प्रगति साझा करते हुए बताया कि विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के तहत राशन कार्ड डेटाबेस को दुरुस्त करने के लिए मृत व्यक्तियों के नाम हटाने संबंधी कुल 29,742 आवेदन प्राप्त हुए थे. सघन जांच के बाद इनमें से 9,700 आवेदन सही पाए गए, जबकि 20,042 आवेदन निरस्त कर दिए गए. इसके बाद सभी 9,700 मृत व्यक्तियों के नामों को राशन कार्ड डेटाबेस से पूरी तरह विलोपित कर दिया गया है.

जल संरक्षण के लिए गाद उड़ाही तेज करने और अतिक्रमण हटाने का कड़ा निर्देश

समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने जिले में जल संकट से निपटने और सिंचाई व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए जल संरक्षण से जुड़े कार्यों पर विशेष जोर दिया. उन्होंने संबंधित तकनीकी अधिकारियों को सख्त निर्देश दिया कि नालंदा जिले की छोटी नदियों, नहरों और पारंपरिक आहर-पईन प्रणालियों की गाद उड़ाही (सिल्ट सफाई) तथा उनके पुनर्जीवन के कार्यों में तेजी लाई जाए. डीएम ने स्पष्ट कहा कि जल स्रोतों को अतिक्रमण मुक्त कराने और जमींदारी बांधों के सुदृढ़ीकरण का कार्य हर हाल में समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए. इसके लिए सभी विभागों को आपसी समन्वय बनाकर धरातल पर हो रहे कार्यों की नियमित और प्रभावी निगरानी करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है.

‘सबका सम्मान, जीवन आसान’: हर सोमवार और शुक्रवार को लगेगा सेवा संवाद समाधान कार्यक्रम

बिहार सरकार के महत्वाकांक्षी अभियान “सबका सम्मान, जीवन आसान” के तहत अब जिले के आम नागरिकों की समस्याओं को ऑन-द-स्पॉट सुलझाया जाएगा. जिलाधिकारी ने घोषणा की कि प्रत्येक सोमवार और शुक्रवार को जिले के सभी सरकारी कार्यालयों में अनिवार्य रूप से ‘सेवा संवाद समाधान कार्यक्रम’ आयोजित होगा. इस दौरान सभी विभागों के वरिष्ठ अधिकारी आम लोगों से पूरी संवेदनशीलता और सम्मानपूर्वक मिलकर उनकी शिकायतें सुनेंगे तथा उनका त्वरित व गुणवत्तापूर्ण निष्पादन सुनिश्चित करेंगे. कार्यालय अवधि में सभी पदाधिकारियों की नियमित उपस्थिति और जवाबदेही पर विशेष बल दिया गया है.

पंचायत स्तर पर कल (2 जून) से सजेगा सहयोग शिविर, हेल्पलाइन 1100 से भी दर्ज होंगी शिकायतें

आम जनता को अपनी समस्याओं के लिए जिला मुख्यालय की दौड़ न लगानी पड़े, इसके लिए प्रशासन ने प्रत्येक माह के प्रथम और तृतीय मंगलवार को पंचायतवार ‘सहयोग शिविर’ आयोजित करने का निर्णय लिया है. इसी कड़ी में मंगलवार, 2 जून को जिले के सभी प्रखंडों की पंचायतों में विशेष सहयोग शिविर लगाया जाएगा.

बैठक में यह भी तकनीकी जानकारी दी गई कि जो लोग शिविर में आने में असमर्थ हैं, वे अपनी शिकायतें और रचनात्मक सुझाव ‘सहयोग हेल्पलाइन नंबर 1100’ तथा आधिकारिक ‘सहयोग पोर्टल’ के माध्यम से भी डिजिटल रूप से दर्ज करा सकते हैं. जन शिकायतों के प्रभावी निवारण के लिए प्रखंडवार रोस्टर जारी कर दिया गया है.

अस्पतालों में 100% चालू रहें अल्ट्रासाउंड व सीटी स्कैन मशीनें; लापरवाही पर नपेंगे सिविल सर्जन

स्वास्थ्य क्षेत्र की समीक्षा करते हुए डीएम कुंदन कुमार का रुख बेहद कड़ा रहा. उन्होंने सिविल सर्जन को अल्टीमेटम देते हुए कहा कि जिले के सभी सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में अल्ट्रासाउंड, सीटी स्कैन, डिजिटल एक्स-रे सहित तमाम जीवन रक्षक चिकित्सा मशीनें शत-प्रतिशत क्रियाशील रहनी चाहिए. किसी भी उपकरण के खराब होने पर उसकी तत्काल तकनीकी मरम्मत कराई जाए ताकि गरीब मरीजों को बाहर के निजी सेंटरों पर न जाना पड़े. इसके साथ ही उन्होंने अस्पतालों में रेफर किए गए मरीजों की सूची उपलब्ध कराने, दवा स्टोर पंजी को प्रतिदिन अपडेट रखने और चिकित्सा सेवाओं की औचक मॉनिटरिंग करने का निर्देश दिया.

मलमास मेला-2026 और सामाजिक योजनाओं को लेकर कड़े तेवर, लापरवाही पर होगी सीधी कार्रवाई

बैठक के उत्तरार्ध में जिलाधिकारी ने आगामी ‘मलमास मेला-2026’ की भव्य और सुरक्षित तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की. उन्होंने प्रतिनियुक्त सभी प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों को सचेत करते हुए कहा कि मेला क्षेत्र के कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता, बिना सूचना के अनुपस्थिति या कोताही कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

इसके अतिरिक्त, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED) के कार्यपालक अभियंता को जिले के सभी वार्डों में खराब पड़े चापाकलों की तत्काल मरम्मत कराने का टास्क सौंपा गया. सामाजिक सुरक्षा कोषांग के तहत संचालित विभिन्न पेंशन व अनुदान योजनाओं की समीक्षा करते हुए डीएम ने सभी पात्र पेंशनधारियों का शत-प्रतिशत ‘जीवन प्रमाणीकरण’ (Life Authentication) कराने तथा पेंडिंग मामलों को सीडब्ल्यूजेसी (CWJC), एमजेसी (MJC) और सीएम डैशबोर्ड के माध्यम से समयबद्ध निपटाने का निर्देश दिया. इस महत्वपूर्ण बैठक में जिले के सभी अनुमंडल पदाधिकारी (SDO), कार्यपालक अभियंता और प्रखंड स्तरीय वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के जरिए जुड़े रहे.

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Published by: Aditya Kumar Ravi

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