विदेश सचिव (दक्षिण) ने किया नालंदा विश्वविद्यालय के नवनिर्मित ग्रंथागार का निरीक्षण

भारत सरकार के विदेश सचिव (दक्षिण) डॉ नीना मल्होत्रा का तीन दिवसीय बिहार दौरा शुक्रवार को संपन्न हुआ. इस दौरान उन्होंने नालंदा विश्वविद्यालय सहित कई ऐतिहासिक व सांस्कृतिक स्थलों का दौरा किया.

राजगीर. भारत सरकार के विदेश सचिव (दक्षिण) डॉ नीना मल्होत्रा का तीन दिवसीय बिहार दौरा शुक्रवार को संपन्न हुआ. इस दौरान उन्होंने नालंदा विश्वविद्यालय सहित कई ऐतिहासिक व सांस्कृतिक स्थलों का दौरा किया. नालंदा विश्वविद्यालय में उन्होंने हाल ही में पूर्णता के करीब पहुंचे विशाल और अत्याधुनिक पुस्तकालय का अवलोकन किया. यह पुस्तकालय न केवल बौद्धिक संपदा का केंद्र बनेगा, बल्कि इसका उद्घाटन भी शीघ्र ही प्रस्तावित है. उन्होंने विश्वविद्यालय के नेट-जीरो एवं सतत विकास आधारित ढांचे की भूरी-भूरी प्रशंसा की. डॉ मल्होत्रा ने नालंदा विश्वविद्यालय में संचालित उच्च गुणवत्ता वाले शैक्षणिक कार्यक्रमों की सराहना की. कुलपति प्रो सचिन चतुर्वेदी एवं उनकी टीम के साथ उन्होंने विश्वविद्यालय के भावी विस्तार, शैक्षणिक गुणवत्ता में वृद्धि, तथा वैश्विक शैक्षणिक साझेदारियों को मजबूत करने की दिशा में विस्तृत बातचीत की. इस दौरान अंतरराष्ट्रीय सहयोग को और अधिक प्रभावशाली बनाने पर भी बल दिया गया. डॉ. मल्होत्रा द्वारा नालंदा के ऐतिहासिक धरोहरों का भी भ्रमण किया गया. उन्होंने प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय के भग्नावशेष, ह्वेनसांग स्मारक, राजगीर की ऐतिहासिक साइक्लोपियन वॉल्स, बोधगया स्थित महाबोधि मंदिर, बोधिवृक्ष, विशाल बुद्ध प्रतिमा, जापानी व थाई मठ का भी दर्शन किया. इन स्थलों के ऐतिहासिक महत्व और सांस्कृतिक विरासत से वे अत्यंत प्रभावित दिखीं. उन्होंने आश्वस्त किया कि नालंदा विश्वविद्यालय को एक वैश्विक ज्ञान केंद्र के रूप में स्थापित करने के लिए विदेश मंत्रालय हरसंभव सहयोग करेगा. उनके इस दौरे से राज्य में उच्च शिक्षा व अंतरराष्ट्रीय संबंधों को नई दिशा मिलने की उम्मीद है.

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Published by: Amlesh prasad

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