नालंदा : नवादा-पावापुरी रेल परियोजना के विरोध में उतरे लोग, प्रखंड परिसर में धरना देकर जताया विरोध

Nalanda News : नवादा-पावापुरी प्रस्तावित रेल परियोजना के खिलाफ किसानों ने शुक्रवार को गिरियक प्रखंड में धरना-प्रदर्शन किया. किसानों ने अपनी कृषि भूमि देने से साफ इनकार कर दिया है और सरकार से परियोजना को रद्द करने की मांग की है.

Nalanda News : नवादा-पावापुरी प्रस्तावित रेल परियोजना के विरोध में रेलवे परियोजना संयुक्त किसान संघर्ष मोर्चा, गिरियक के बैनर तले शुक्रवार को प्रखंड परिसर में प्रभावित किसानों ने एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया. बड़ी संख्या में जुटे किसानों ने एकजुटता का प्रदर्शन करते हुए स्पष्ट कहा कि किसी भी हाल में अपनी कृषि भूमि रेलवे परियोजना के लिए नहीं देंगे और सरकार से प्रस्तावित रेल परियोजना को तत्काल निरस्त करने की मांग की.

बिना सहमति भूमि अधिग्रहण का प्रखर विरोध

धरना को संबोधित करते हुए श्रीकांत शर्मा ने रेलवे विभाग और सरकार पर जमकर हमला बोला. उन्होंने कहा कि किसानों की सहमति लिए बिना भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया आगे बढ़ाना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है. सरकार विकास के नाम पर किसानों की उपजाऊ जमीन छीनने का प्रयास कर रही है, जिसे किसान किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेंगे. उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने किसानों की मांगों की अनदेखी की तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा.

बिना सहमति अधिसूचना जारी करने पर उठाए गंभीर सवाल

डॉ परमानंद कुमार ने कहा कि सरकार किसानों पर अपनी मर्जी नहीं थोप सकती. विकास के नाम पर किसानों की आजीविका और अधिकारों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. मोर्चा के उपेंद्र प्रसाद ने आरोप लगाया कि रेलवे विभाग ने किसानों के साथ कोई बैठक किए बिना ही अधिसूचना जारी कर दी, जो किसानों के साथ विश्वासघात है.

उन्होंने कहा कि जब पावापुरी के नाम से पहले से ही रेलवे स्टेशन मौजूद है, तो नई रेल परियोजना की आवश्यकता और औचित्य पर भी गंभीर सवाल उठता है. धरना में उपस्थित किसानों ने सर्वसमावेशी ढंग से प्रस्ताव पारित कर रेल परियोजना को निरस्त करने, किसानों की उपजाऊ कृषि भूमि की रक्षा करने तथा किसी भी प्रकार के भूमि अधिग्रहण से पहले प्रभावित किसानों से वार्ता करने की मांग की.

अंचलाधिकारी को सौंपा स्मारपत्र, आंदोलन जारी रखने का संकल्प

धरना के बाद किसानों के शिष्टमंडल ने अंचलाधिकारी के ऑफिस में स्मारपत्र दिया. धरना-प्रदर्शन में मौजा पुरी, दशरथपुर, सतौवा, मरकट्टा, जलालपुर, नसीरपुर तथा नवादा जिले के कुंभी गांव सहित कई प्रभावित क्षेत्रों के किसानों ने भाग लिया और आंदोलन को आगे भी जारी रखने का संकल्प लिया. धरना को संबोधित करने वालों में अनिरुद्ध कुमार, अनुग्रह प्रसाद सिंह, सुरेश प्रसाद सिंह, अजय कुमार, जयराम सिंह, सातों सिंह, अच्युतानंद उपाध्याय, महेंद्र उपाध्याय, अभय कुमार एवं राजेंद्र सिंह आदि शामिल थे.

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