Bihar Land Survey: गुड न्यूज! बढ़ सकती है डिक्लेरेशन और वंशावली अपलोड करने की तारीख, रैयतों को मिलेगी बड़ी राहत

Bihar Land Survey: बिहार में जमीन सर्वे को लेकर चल रही डेक्लेरेशन और वंशावली अपलोड करने की प्रक्रिया में सर्वर की समस्या आ रही है. अब इसको लेकर विभाग ने रैयतों को बड़ी राहत देने की प्लानिंग की है. विभाग की तरफ से पोर्टल पर डिक्लेरेशन और वंशावली अपलोड करने की तारीख बढ़ाई जा सकती है. पढ़ें पूरी खबर…

Bihar Land Survey: बिहार में जमीन सर्वे को लेकर पोर्टल पर स्वघोषणा और वंशावली अपलोड करने की प्रक्रिया जारी है. लेकिन, इसी बीच कई प्रमंडलों से सर्वर में गड़बड़ी की शिकायत मिल रही है. इसको देखते हुए सर्वर की गड़बड़ी की रिपोर्ट प्रमंडलों से मंगायी जा रही है. रिपोर्ट के आधार पर डेट बढ़ाये जाने को लेकर फैसला लिया जाएगा. वर्तमान में विभाग की तरफ से इसकी अंतिम तिथि 31 मार्च 2025 तय की गई है. 

शिकायत मिलने पर होगी कार्रवाई

बिहार में भूमि सर्वे की प्रक्रिया अगले साल के दिसंबर तक पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है. अगर भूमि सर्वे, दाखिल खारिज या राजस्व संग्रहण आदि कामों में भ्रष्टाचार की शिकायत मिलती है तो आरोपी कर्मचारियों और पदाधिकारियों के साथ बिचौलिए के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी. ऐसे मामलों में लगातार नजर रखी जा रही है.

विधानसभा में मंत्री सरावगी ने विपक्ष का दिया जवाब

बुधवार को राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री संजय सरावगी ने विधानसभा कार्यवाही के दौरान कही. बता दें, विधानसभा बजट सत्र के दौरन वे वित्तीय वर्ष 2025-26 के विभागीय बजट मांग पर चर्चा के बाद उत्तर दे रहे थे. सरकार के उत्तर से असंतुष्ट विपक्ष ने बहिष्कार किया. विधानसभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव ने सदन की सहमति से विभाग का 1955 करोड़ 98 लाख 70 हजार रुपये के बजट को मंजूरी दी.

153 मामलों में की जा चुकी है कार्रवाई

विधानसभा में मंत्री ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2024-25 में अंचलाधिकारी और राजस्व अधिकारी के खिलाफ 775 शिकायतें मिली थी, जिसमें से 153 मामले में कार्रवाई की जा चुकी है और 322 मामलों पर कार्रवाई की जा रही है. ऐसे में कुछ बिचौलिए और अधिकारी भ्रष्टाचार को बढ़ावा दे सकते हैं. ऐसे लोगों को चेतावनी देते हुए मंत्री संजय सरावगी ने कहा कि मेरी नजर ऐसे भ्रष्ट कर्मचारियों और अधिकारियों पर भी है और सरकारी तंत्र बिचौलिए पर भी लगातार निगरानी कर रहा है.

3559 राजस्व कर्मचारी के पद खाली

राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री संजय सरावगी ने कहा कि जिला स्तरीय कैडर में राजस्व कर्मचारी के कुल 8463 पद स्वीकृत हैं. इसमें सिर्फ 4904 कर्मचारी ही कार्यरत हैं, जबकि 3559 पद वर्तमान में खाली है. इन खाली पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी करने को लेकर बिहार राज्य कर्मचारी आयोग को जानकारी भेजी गई है. इसी तरह प्रदेश में 1802 अमीन के पद स्वीकृत हैं, जिसमें 1400 अमीन कार्यरत हैं. 402 खाली पदों पर अमीन की नियुक्ति की प्रक्रिया जारी है. साल 2023 में कुल 1761 अमीनों की नियुक्ति की गयी.

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By Aniket kumar

अनिकेत कुमार प्रभात खबर के साथ पिछले दो वर्षों से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं. वे मुजफ्फरपुर समेत उत्तर बिहार के आठ प्रमुख जिलों—मुजफ्फरपुर, दरभंगा, सीतामढ़ी, समस्तीपुर, मधुबनी, शिवहर, बेतिया और मोतिहारी—की डिजिटल टीम को लीड करते हैं. पत्रकारिता में उन्हें करीब पांच वर्षों का अनुभव है.

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अपने पत्रकारिता करियर में उन्होंने उत्तर प्रदेश विधानसभा उपचुनाव और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को जमीनी स्तर पर कवर किया है. प्रभात खबर के साथ बिहार विधानसभा चुनाव कवरेज के दौरान उन्होंने करीब 50 विधानसभा क्षेत्रों का दौरा किया, जहां मतदाताओं से सीधे संवाद किया और प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में चौपाल कार्यक्रम किए. नेताओं से सीधे सवाल पूछने के साथ उन्होंने जनता के बीच जाकर कई जमीनी मुद्दों को वीडियो रिपोर्ट के जरिए सामने रखा. चुनाव के दौरान अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में समय बिताने और लोगों के बीच रहकर रिपोर्टिंग करने के अनुभव उन्हें डेस्क पर खबरों को बेहतर संदर्भ के साथ समझने और प्रस्तुत करने में मदद करते हैं.

प्रभात खबर से पहले वे राजस्थान पत्रिका और न्यूजट्रैक जैसे मीडिया संस्थानों के साथ काम कर चुके हैं. उन्होंने शुरुआती शिक्षा मुजफ्फरपुर में अंग्रेजी माध्यम से प्राप्त की और इसके बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई की.

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