Bihar Ka Mausam: बिहार में मौसम ने करवट बदल ली है और अब राहत की बूंदें नहीं, बल्कि सूरज की तपिश लोगों का इम्तिहान लेगी. पिछले कुछ दिनों से जारी आंधी और बारिश का दौर अब पूरी तरह थम चुका है.
IMD ने चेतावनी जारी की है कि अगले पांच दिनों के भीतर पारा 6 डिग्री सेल्सियस तक ऊपर चढ़ सकता है. पटना, गया और औरंगाबाद जैसे शहरों में तो स्थिति और भी गंभीर होने वाली है, जहां दोपहर के समय घर से बाहर निकलना किसी चुनौती से कम नहीं होगा.
आसमान से बरसेगी आग, शुष्क हुआ मौसम
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ का असर अब खत्म हो चुका है और बारिश का सिस्टम पूरी तरह कमजोर पड़ गया है. इसके चलते अब बिहार के ज्यादातर हिस्सों में मौसम शुष्क रहेगा.
अररिया और किशनगंज जैसे इलाकों में जहां कल तक बारिश के आसार थे, वहां भी अब धूप का प्रभाव बढ़ गया है. आने वाले एक हफ्ते के दौरान दिन के तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी, जिससे लोगों को झुलसाने वाली गर्मी का सामना करना पड़ेगा.
42 डिग्री वाला टॉर्चर
बारिश के बाद वातावरण में मौजूद नमी अब उमस बनकर लोगों को बेहाल करेगी. IMD का अनुमान है कि गया और दक्षिण बिहार के कुछ हिस्सों में पारा 41 से 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है.
पटना और आसपास के इलाकों में भी तापमान 40 डिग्री के करीब रहेगा. सबसे बड़ी समस्या यह है कि नमी के कारण तापमान यानी महसूस होने वाली गर्मी वास्तविक तापमान से 2-3 डिग्री ज्यादा होगी. दिन में चिपचिपाहट और रात में गर्म हवाएं नींद उड़ाने का काम करेंगी.
इन जिलों पर मंडरा रहा है लू का खतरा
प्रशासन ने खास तौर पर 10 जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है. कैमूर, बक्सर, भोजपुर, औरंगाबाद और नवादा जैसे जिलों में लू चलने की प्रबल संभावना है. मुजफ्फरपुर और वैशाली में भी गर्मी का असर व्यापक रहेगा. दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच बाहर निकलने वालों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि यह मौसम डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ा देता है, इसलिए शरीर में पानी की कमी न होने दें. बिहार के लोगों को इस ‘हीट टॉर्चर’ से जल्द राहत मिलने के कोई आसार नजर नहीं आ रहे हैं.
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