Bihar Government: राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के 14 सीओ पर कार्रवाई की गई है. किसी पर आरोप पत्र दाखिल किया गया, किसी को निलंबित किया गया तो किसी का वेतन रोक दिया गया है. सम्राट सरकार में इसे अब तक का सबसे बड़ा एक्शन बताया जा रहा है. विभाग के मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने कहा, सीओ पर वित्तीय अनियमितता, लापरवाही और भ्रष्टाचार के कारण आरोप पत्र गठित किए गए हैं.
15 दिनों में कार्यप्रणाली सुधारने का अल्टीमेटम
साथ ही मंत्री दिलीप जायसवाल ने यह भी कहा, मंत्री से लेकर अधिकारी तक हर कुर्सी को ईमानदार होना होगा. अगले 15 दिनों में कार्यप्रणाली में सुधार नहीं होने पर कार्रवाई के लिए तैयार रहें. साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि जब विभाग का मंत्री-सचिव समेत पूरा सिस्टम ईमानदारी से व्यवस्था बनाने में जुटा है, तो फील्ड के अधिकारियों की भी व्यवस्था में सुधार की जिम्मेदारी बनती है. इसके अलावा आगे भी इसी तरह कार्रवाई होते रहने की बात उन्होंने कही.
राजस्व विभाग के सीओ ने दिया आदेश
बुधवार को राजस्व विभाग के मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कटिहार, पूर्वी चंपारण और गोपालगंज जिले के राजस्व कार्यों की समीक्षा की थी. इस दौरान उन्होंने सख्त आदेश जारी किए. साथ ही बैठक में विभाग के सचिव जय सिंह ने संबंधित जिलों के अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी लंबित कार्यों के निष्पादन का निर्देश दिया. इस तरह से विभाग के अधिकारियों को टाइट कर दिया गया है.
बिहार में जमीन मुआवजा नीति 2026 को मंजूरी
बुधवार को कैबिनेट की बैठक में अहम फैसला लेते हुए जमीन मुआवजा नीति 2026 को मंजूर किया गया. इसके तहत अब केंद्रीय और राजकीय परियोजनाओं के लिए रैयत से सीधे भी जमीन खरीद हो सकेगी. इसके तहत आपसी बातचीत, समन्वय या सहमति के आधार पर निर्धारित मुआवजा राशि का भुगतान करते हुए निबंधित दस्तावेज के माध्यम से जमीन प्राप्त की जा सकेगी. इसके लिए बिहार रैयती भूमि क्रय नीति, 2026 के तहत जमीन खरीद होगी.
