Bihar Election 2025: पिता का श्राद्ध कर्म छोड़कर वोट देने पहुंचा व्यक्ति, सुनिये लोगों से क्या की अपील?

Bihar Election 2025: कांटी में एक व्यक्ति अपने पिता के श्राद्ध और पिंडदान के बीच समय निकालकर वोट डालने पहुंचा. उसने कहा लोकतंत्र का कर्तव्य पहले है. उसने जनता से भी अपील की कि किसी भी परिस्थिति में मतदान जरूर करें. पढे़ं पूरी खबर…

Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण का मतदान आज चल रहा है. ऐसे में एक मार्मिक तस्वीर कांटी इलाके से सामने आई है. यहां एक शख्स अपने पिता के श्राद्ध कर्म के बीच वोट डालने पहुंचा. उनका कहना था कि “बाबू जी का देहांत हुआ है, श्राद्ध और पिंडदान की प्रक्रिया चल रही है, फिर भी वोट डालना जरूरी है, इसलिए समय निकाल के पहले मतदान करने आए हैं.”

वोट डालने के बाद करेंगे पिता का श्राद्धकर्म

व्यक्ति का नाम गौरी शंकर है. उन्होंने कहा कि वोट डालने के बाद अब वे घर जाएंगे और पिता के लिए सारे कर्मकांड पूरा करेंगे. लोकतंत्र का कर्तव्य पहले है, इसलिए मतदान करने आ गए. उन्होंने कांटी की जनता से अपील भी की कि लोग घर से बाहर निकलें और वोट जरूर करें. गौरी शंकर की यह बात सोशल मीडिया पर भी चर्चा में आ गई है. 

कांटी में दो पूर्व मंत्री आमने-सामने

इस बार कांटी विधानसभा क्षेत्र में दो पूर्व मंत्री आमने-सामने हैं. राजद ने वर्तमान विधायक व नेता इसरायल मंसूरी को फिर से चुनावी मैदान में उतारा है तो वहीं एनडीए ने पूर्व मंत्री इं. अजीत कुमार को टिकट दिया है. पिछली बार अजीत कुमार ने निर्दलीय चुनाव लड़ा था.

कांटी विधानसभा चुनाव से जुड़ी जानकारी

2010 कांटी विधानसभा में जदयू-राजद के बीच सीधी लड़ाई

2010 के विधानसभा चुनाव में जदयू और राजद के बीच सीधी लड़ाई थी. कांटे की टक्कर देखने को मिली. जदयू के अजीत कुमार ने करीब 8415 वोटों के मार्जिन से चुनाव जीता. उन्हें कुल 39648 वोट प्राप्त हुए. वहीं, उनके सामने राजद ने मो. इजराइल को चुनावी मैदान में उतारा था. राजद प्रत्याशी को कुल 31233 वोट हासिल हुए थे. वोट शेयरिंग की बात करें तो कुल वोट का 32 प्रतिशत मत अजीत कुमार को प्राप्त हुआ. वहीं मो. इजराइल को 25 फीसदी वोट मिले थे.

2015 कांटी विधानसभा में राजद ने बदला चेहरा (Kanti Assembly)

2015 के विधानसभा चुनाव में मुकाबला और दिलचस्प हो गया. इस बार त्रिकोणीय दावेदारी थी. अजीत कुमार हिंदुस्तान आवाम मोर्चा (सेक्यूलर) की टिकट पर चुनाव लड़ रहे थे. वहीं, आरजेडी ने भी इस बार चेहरा बदला और मो. परवेज आलम क चुनावी मैदान में उतारा. तीसरी तरफ दोनों को चैलेंज कर रहे थे निर्दलीय उम्मीदवार अशोक कुमार चौधरी. तीनों दिग्गजों की लड़ाई में निर्दलीय प्रत्याशी ने बाजी मारी और करीब 9275 वोटों के मार्जिन से चुनाव जीता. उन्हें कुल 58111 वोट मिले. वहीं हम (सेक्यूलर) के उम्मीदवार अजीत कुमार को 48836 वोट प्राप्त हुए. राजद के परवेज आलम ने 47050 वोट हासिल किया. अशोक चौधरी को 32 प्रतिशत, अजीत कुमार को 27 प्रतिशत और परवेज आलम को 26 प्रतिशत वोट मिले थे.

2020 कांटी विधानसभा में आरजेडी ने मारी बाजी (Kanti Vidhan Sabha)

इस बार चुनावी मैदान में आरजेडी की ओर से मोहम्मद इजरायल मंसूरी, जेडीयू के मोहम्मद जमाल उतरे. वहीं अजीत कुमार ने निर्दलीय के तौर पर इस सीट से चुनाव लड़ा. कुल 63.18 फीसदी मतदान हुआ. आरजेडी उम्मीदवार मोहम्मद इजरायल मंसूरी ने बाजी मारी. उन्हें कुल 64458 वोट हासिल हुए. वहीं निर्दलीय उम्मीदवार अजीत कुमार 54144 वोटों के साथ दूसरे स्थान पर रहे.

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रिपोर्ट: सुनील सिंह

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By Aniket kumar

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अपने पत्रकारिता करियर में उन्होंने उत्तर प्रदेश विधानसभा उपचुनाव और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को जमीनी स्तर पर कवर किया है. प्रभात खबर के साथ बिहार विधानसभा चुनाव कवरेज के दौरान उन्होंने करीब 50 विधानसभा क्षेत्रों का दौरा किया, जहां मतदाताओं से सीधे संवाद किया और प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में चौपाल कार्यक्रम किए. नेताओं से सीधे सवाल पूछने के साथ उन्होंने जनता के बीच जाकर कई जमीनी मुद्दों को वीडियो रिपोर्ट के जरिए सामने रखा. चुनाव के दौरान अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में समय बिताने और लोगों के बीच रहकर रिपोर्टिंग करने के अनुभव उन्हें डेस्क पर खबरों को बेहतर संदर्भ के साथ समझने और प्रस्तुत करने में मदद करते हैं.

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