… और बाबूजी व भतीजे की राह ताकती रह गयी सुभावती

आरा/सहार : अपने समधिन के श्राद्ध में शामिल होने के लिए नारायणपुर थाना के मड़नपुर गांव जा रहे रामजी मिश्रा व उनका पोता अरविंद मिश्रा की मौत होने से परिवारवालों पर दु:ख का पहाड़ टूट गया. रामजी मिश्रा की बेटी की सुभावती देवी की शादी मड़नपुर के चंद्रदेव उपाध्याय के घर हुई थी. श्राद्ध क्रम […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | December 20, 2017 1:31 AM

आरा/सहार : अपने समधिन के श्राद्ध में शामिल होने के लिए नारायणपुर थाना के मड़नपुर गांव जा रहे रामजी मिश्रा व उनका पोता अरविंद मिश्रा की मौत होने से परिवारवालों पर दु:ख का पहाड़ टूट गया. रामजी मिश्रा की बेटी की सुभावती देवी की शादी मड़नपुर के चंद्रदेव उपाध्याय के घर हुई थी. श्राद्ध क्रम में आते वक्त अपनी बेटी से बात करते हुए रामजी मिश्रा ने कहा था कि हम थोड़ी ही देर में तुम्हारे घर पहुंचनेवाले हैं, लेकिन वो हमेशा के लिए इस दुनिया को ही छोड़कर चले गये.

25 वर्षीय युवा अरविंद मिश्रा भी असमय काल के गाल में समा गये. घटना के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीणों ने दोनों को बचाने की भरपूर कोशिश की, लेकिन एक व्यक्ति की घटनास्थल पर ही मौत हो गयी. वहीं दूसरा व्यक्ति अरविंद कुमार मिश्रा की आरा जाने के दौरान रास्ते में ही मौत हो गयी. घटना की सूचना पाकर सहार थानाध्यक्ष संजय कुमार एवं अंचलाधिकारी संजीव कुमार राय ने घटनास्थल पर पहुंचकर मामले की जांच की.

एक साथ दो पीढ़ियों की सजीं चिताएं, तो भर आयीं सबकी आंखें : सड़क दुर्घटना में मारे गये रामजी मिश्रा व अरविंद मिश्रा का शव जब अरवल जिले के परासी थाना क्षेत्र के बबन बिगहा गांव पहुंचा, तो सबकी आंखें भर गयीं.
एक साथ कुछ घंटे पहले घर से खुशी-खुशी निकलनेवाले दोनों लोगों का जब शव पहुंचा तो गांव में कोहराम मच गया. परिवारोंवालों की रोने की आवाज सुनकर सबका कलेजा फटा जा रहा है. एक साथ जब दो पीढ़ियों की चिताएं सजीं, तो सबकी आंखें छलछला गयीं. लोग नियति को दोष दे रहे थे.