बंद पड़े हैं शहर में बने शौचालय

उदासीनता . नगर को ओडीएफ बनाने में हो रही परेशानी उद‍्घाटन के इंतजार में शौचालयों में लटके पड़े हैं ताले आरा :साफ आरा सुंदर आरा के नारे के साथ नगर निगम ने नगर की स्वच्छता को लेकर काफी संवेदनशील है. निगम प्रशासन द्वारा जगह-जगह शौचालय का निर्माण कराया गया है ताकि सरकार की महत्वाकांक्षी योजना […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | July 31, 2017 8:36 AM
उदासीनता . नगर को ओडीएफ बनाने में हो रही परेशानी
उद‍्घाटन के इंतजार में शौचालयों में लटके पड़े हैं ताले
आरा :साफ आरा सुंदर आरा के नारे के साथ नगर निगम ने नगर की स्वच्छता को लेकर काफी संवेदनशील है. निगम प्रशासन द्वारा जगह-जगह शौचालय का निर्माण कराया गया है ताकि सरकार की महत्वाकांक्षी योजना खुले में शौचमुक्त योजना सफल हो सके.
वहीं केंद्र सरकार की स्मार्ट सिटी योजना में शामिल नगर सरकार द्वारा इसके लिए निर्धारित मानदंड को पूरा कर सके. शौचालयों के निर्माण पर निगम प्रशासन द्वारा लाखों रुपये खर्च किये गये हैं. पर निर्माण के तीन माह बीत जाने के बाद भी इसका लाभ नगरवासियों को नहीं मिल पा रहा है. शौचालय अब भी उद्घाटन का इंतजार कर रहा है. वहीं मजबूरी में नगरवासी सड़कों के किनारे खुले में शौच करते हैं, जिससे नगर में गंदगी फैलती है. जो स्मार्ट सिटी योजना तथा साफ आरा सुंदर आरा के अभियान पर विपरीत प्रभाव डालता है. इससे एक तरफ नगरवासियों को लाभ नहीं मिल पा रहा है. वहीं दूसरी तरफ खर्च होने के बाद भी सरकार का लक्ष्य पूरा नहीं हो रहा है.
नहीं की गयी है पानी की व्यवस्था
नगर निगम द्वारा नगर में कई स्थान पर शौचालय बना कर तैयार किया गया है. इसे तैयार हुए तीन माह से अधिक का समय हो गया है. शौचालय के ऊपर पानी की टंकी भी लगा दी गयी है. पर अब तक इसमें निगम द्वारा पानी की आपूर्ति के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गयी है. जबकि पानी की आपूर्ति की व्यवस्था की सारी जिम्मेवारी पीएचइडी से हटा कर निगम को सौंपी जा चुकी है. फिर भी शौचालयों में पानी अब तक नहीं पहुंच पाया है. इस कारण इसके निर्माण का लक्ष्य अब तक पूरा नहीं हो पा रहा है.
दो लाख के खर्च से बने हैं शौचालय
नगर को खुले में शौचमुक्त करने के अभियान के तहत बनाये गये शौचालयों पर दो लाख से अधिक का खर्च आया है. इसके बाद भी शौचालय को चालू नहीं किया गया है. इससे नगरवासियों को खासकर गरीबों को काफी परेशानी हो रही है. उन्हें सड़कों के किनारे खुले में शौच के लिए मजबूर होना पड़ता है. इतना ही नहीं, अपने कार्य से जिले के सुदूर गांव के आये लोगों को भी काफी परेशानी उठानी पड़ती है तथा सड़कों के किनारे ही शौच के लिए जाना पड़ता है.
इन जगहों पर बनाये गये हैं शौचालय
नगर निगम के पास, जिला न्यायाधीश की कोठी के पास, मीरगंज सहित कई जगहों पर शौचालय का निर्माण कराया गया है.