bhagalpur news. कड़ाके की ठंड में सिंचाई के बाद भी रबी फसल बर्बाद, नहर से खेतों में घुसा पानी

गोराडीह प्रखंड क्षेत्र के किसान इन दिनों कड़ाके की ठंड के बीच खेती को बचाने में जुटे हैं

गोराडीह प्रखंड क्षेत्र के किसान इन दिनों कड़ाके की ठंड के बीच खेती को बचाने में जुटे हैं. किसानों ने बोरिंग और नदी-तालाब से डीजल पंप के सहारे गेहूं की सिंचाई कर फसल तैयार की थी, लेकिन शनिवार सुबह जब मुरहन पंचायत के किसान अपने खेतों में पहुंचे तो उनका हौसला टूट गया. मुरहन पंचायत के कई गांव की रबी फसल पूरी तरह पानी में डूबी गयी है. बताया गया कि शुक्रवार देर रात बाबरा नहर में अचानक भारी मात्रा में पानी का बहाव शुरू हो गया, जिससे नहर का पानी मुरहन पंचायत के सैकड़ों बीघा खेतों में फैल गया. किसानों ने बताया कि गेहूं की फसल की सिंचाई दो-चार दिन पूर्व ही की गई थी, जबकि दलहन व तिलहन फसलों में सिंचाई नहीं की जाती है. इन फसलों में पानी घुसने से पूरी तरह नष्ट हो जाती है. किसान विजय सिंह, अशोक सिंह, मृत्युंजय सिंह, सरपंच प्रभात सिंह सहित अन्य किसानों ने बताया कि कुछ दिन पहले धान की फसल कटाई से पहले ही बारिश और नहर में पानी आने से बर्बाद हो गई थी. अब रबी फसल पर उम्मीद टिकी थी, वह भी बर्बाद हो गया.

किसानों का आरोप है कि पंचायत में मनरेगा योजना के तहत नहर की सही ढंग से मरम्मत नहीं की गई. बाबरा से कासिमपुर तक सिंचाई विभाग द्वारा नहर की खुदाई जेसीबी व पोकलेन मशीन से की गई. मुरहन पंचायत में मनरेगा विभाग द्वारा केवल घास छीलकर खानापूर्ति कर दी गई, जिसके कारण पानी आते ही खेतों में फैल जाता है. किसानों ने प्रशासन से मुआवजे और नहर की स्थायी मरम्मत की मांग की है.

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Author: ATUL KUMAR

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