Bhagalpur News: जब तक किसानों का सिर ऊंचा नहीं होगा, तब तक अपना देश व बिहार आगे नहीं बढ़ेगा

जिला कृषि विभाग की ओर से रेशम भवन सभागार में आयोजित किसान कल्याण संवाद सह युवा किसान सम्मान समारोह में बोले कृषि मंत्री सह उप मुख्यमंत्री विजय सिन्हा

– जिला कृषि विभाग की ओर से रेशम भवन सभागार में आयोजित किसान कल्याण संवाद सह युवा किसान सम्मान समारोह में बोले कृषि मंत्री सह उप मुख्यमंत्री विजय सिन्हा

वरीय संवाददाता, भागलपुर

किसान खेत में बीज बो कर तपस्या करते हैं, खून-पसीना एक करके फसल तैयार करते हैं. मशरूम की खेती हो, शहद का उत्पादन हो, स्ट्रॉबेरी की खेती हो, पपीता की खेती हो, पशुपालन में गाय के साथ बकरी पालन हो. इससे बिहार प्रगति की ओर बढ़ेगा. अन्नदाताओं को आर्थिक रूप से मजबूत करना हमारा मूल ध्येय है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का कृषि रोडमैप बड़ा माध्यम है. दुनिया के अन्न भंडार में बिहार की भी भूमिका है. किसान नवाचार के साथ आधुनिक तकनीक से जुड़ें, सरकार उन्हें मदद करेगी. जबतक किसानों का सिर ऊंचा नहीं होगा, तब तक अपना देश व बिहार आगे नहीं बढ़ेगा. उक्त बातें शनिवार को जीरोमाइल स्थित रेशम भवन सभागार में आयोजित किसान कल्याण संवाद सह युवा किसान सम्मान समारोह में प्रदेश के उप मुख्यमंत्री सह कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कही. उन्होंने कहा कि पूर्व की सरकार ने कोई काम नहीं किया. अभी किसानों को विश्वास है खासकर केंद्र की मोदी सरकार और प्रदेश की नीतीश सरकार परइससे पहले कार्यक्रम का उद्घाटन उप मुख्यमंत्री विजय सिन्हा, सांसद अजय मंडल, विधायक पवन यादव, भाजपा जिलाध्यक्ष संतोष कुमार, जदयू जिलाध्यक्ष विपिन बिहारी सिंह आदि ने संयुक्त रूप से किया. अतिथियों का स्वागत डीएओ प्रेमशंकर प्रसाद एवं आत्मा के उप परियोजना निदेशक प्रभात कुमार सिंह ने किया, तो मंच संचालन वरीय उद्घोषक डॉ विजय कुमार मिश्र एवं बामेती के पदाधिकारी धनंजयपति त्रिपाठी ने किया. मौके पर जिला उद्यान पदाधिकारी मधुप्रिया, पौधा संरक्षण के सहायक निदेशक सुजीत कुमार पाल, यांत्रिक अभिकरण की सहायक निदेशक डॉ लौलिना आदि उपस्थित थे.

किसान सबसे बड़े वैज्ञानिक, एग्रीकल्चर एस्पो पॉलिसी बनायेंगे

डिप्टी सीएम ने कहा कि किसान सबसे बड़े वैज्ञानिक हैं, जो कि खेतों में खुद इनोवेशन करते हैं. कृषि यहां की संस्कृति हैं, केवल आजीविका नहीं हैं. आयुर्वेद व यूनानी इलाज को सरकार बढ़ावा दे रही है. औषधीय खेती हो या खानपान की संस्कृति सभी चीजों पर ध्यान है. एग्रीकल्चर एक्सप्रेस पॉलिसी बना रहे हैं. सभी मार्ग से कृषि उत्पाद देशभर व देश के बाहर जायेगा.

किसानों से किया सीधा संवाद, समाधान का तुरंत दिये निर्देश

उप मुख्यमंत्री सह कृषि मंत्री डॉ विजय सिन्हा ने किसानों के साथ सीधा संवाद स्थापित किया और मौके पर उपस्थित संबंधित पदाधिकारी से समाधान के लिए निर्देश भी दिया. पीरपैंती के बुजुर्ग किसान नवल किशोर सिंह ने कहा कि लाह की खेती में काफी खर्च है, जबकि यह उपयोगी होने के साथ कमाई वाली भी है. अनुदान की मांग पर मंत्री ने आश्वासन दिया. पदाधिकारी को प्राथमिकता रखने का निर्देश दिया. नाथनगर के प्रगतिशील युवा किसान गुंजेश गुंजन ने कहा कि किसानों के उत्पादित चीजों खासकर सब्जी व फल को उचित मूल्य के लिए सरकारी मंडी नहीं है. इस पर संबंधित पदाधिकारी ने कहा कि प्रदेश में पहले 54 बाजार समितियां थी, जिसमें भागलपुर भी थी. फिर भागलपुर, लखीसराय समेत 10 मंडी विकसित करने पर काम चल रहा है. गोपालपुर के लीची किसान चंदन सिंह ने मनराजी लीची को जीआई टैग, प्रोसेसिंग यूनिट, पैक हाउस आदि की मांग की. सचिन पांडेय ने आम व मिर्च के लिए बाजार उपलब्ध कराने की मांग की. सांसद अजय मंडल एवं कहलगांव विधायक पवन यादव ने उनकी मांग को गंभीरता से लेने की बात कही. श्रीनिवास ने केला खेती की समस्या व समाधान, पीरपैंती के राजेश कुशवाहा ने गन्ना की खेती की समस्या व समाधान पर चर्चा की. शाहकुंड के बुजुर्ग किसान मृगेंद्र सिंह, जयप्रकाश सिंह, वंदना कुमारी आदि ने भी अपनी समस्या से अवगत कराया.

10 उत्कृष्ट किसानों को मिला सम्मान

उप मुख्यमंत्री सह कृषि मंत्री विजय सिन्हा ने जिले के 10 उत्कृष्ट किसानों को सम्मानित किया. इसमें कहलगांव की शीला कुमारी, नाथनगर से गुंजेश गुंजन, बिहपुर से संजय चौधरी, नारायणपुर की वंदना कुमारी, कहलगांव की प्रिया देवी, कहलगांव के कृष्णानंद सिंह, सुल्तानगंज के मनीष कुमार सिंह, पीरपैंती के राजेश कुशवाहा, गोपालपुर के चंदन सिंह, शाहकुंड के अभिषेक को सम्मानित किया गया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: SANJIV KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >