Bhagalpur News रजिस्ट्रार ने घटना की भर्त्सना की, परीक्षकों की लगायी क्लास

टीएमबीयू में विवाद

मारवाड़ी कॉलेज मूल्यांकन केंद्र पर शुक्रवार को प्रभारी कुलपति व परीक्षक बकाया भुगतान को लेकर आमने-सामने थेमारवाड़ी कॉलेज मूल्यांकन केंद्र पर दो दिन पहले शनिवार को प्रभारी कुलपति प्रो विमलेंदु शेखर झा व कॉपी जांच रहे परीक्षकों के बीच हुए विवाद में सोमवार को फिलहाल विराम लग गया है. परीक्षकों ने स्नातक सेमेस्टर चार की कॉपी का सुचारु रूप से जांच की. डिबार किये गये परीक्षक डॉ आनंद मिश्रा सेंटर नहीं पहुंचे थे. इससे पहले मामले को लेकर परीक्षकों और कॉलेज प्रशासन की बैठक हुई. इसमें विवि के रजिस्ट्रार प्रो रामाशीष पूर्वे भी शामिल हुए.

मौके पर रजिस्ट्रार ने घटना की भर्त्सना की. इसे चिंताजनक व दुखद बताया. उन्होंने परीक्षकों की क्लास भी लगायी. साथ ही दस दिनों में मूल्यांकन का बकाया राशि भुगतान करने का दावा किया. उन्होंने कहा कि परीक्षकों ने जिस तरह से प्रभारी कुलपति के साथ अभद्र व्यवहार किया. इससे जाहिर होता है कि उनमें संस्कार की कमी है. प्रभारी कुलपति हम सभी के लिए अभिभावक स्वरूप है. उनके साथ कोई गलत करेगा, तो प्रोटोकॉल के तहत उनके अधिकारी उन्हें नहीं छोड़ेंगे. अगर कॉपी जांच का पारिश्रमिक भुगतान नहीं किया गया था, तो उन्हें बताना चाहिए था. उनका बकाया भुगतान किया जाता. रजिस्ट्रार ने कहा कि घटना को लेकर प्रभारी कुलपति गुस्से में है. सोमवार को भी उन्होंने फोन कर घटना पर नाराजगी जतायी. बता दें कि शुक्रवार को प्रभारी कुलपति सीनेट बैठक की तैयारी को लेकर निरीक्षण करने गये थे. तभी कॉलेज प्रशासन ने प्रभारी कुलपति को मूल्यांकन कार्य दिखाने संबंधित कमरा में लेकर चले गये. जहां परीक्षक सह सीनेट सदस्य डॉ आनंद मिश्रा के साथ पारिश्रमिक भुगतान को लेकर कहासुनी हुई थी. बाद में आनंद मिश्रा को डिबार कर दिया. जिसके विरोध में सभी सभी परीक्षक एकजुट हाेकर प्रभारी कुलपति का विरोध करने लगे. इसके बाद प्रभारी कुलपति को वहां से जाना पड़ गया था. उधर, कॉलेज के प्राचार्य प्रो संजय कुमार झा ने कहा कि घटना काफी दुखद है. प्रभारी कुलपति से गलत तरह से पेश नहीं आना चाहिए. आगे दोबारा ऐसा नहीं हो. इसका विशेष रूप से ख्याल रखें.

रजिस्ट्रार ये भी कहा –

– चैलेंज करता हूं कि शिक्षक या कर्मचारी आरोप लगा दें कि काम के नाम पर किसी से दो रुपये भी लिया हो, तुंरत पद से इस्तीफा दे दूंगा.

— पेंशनधारियों के बीच छह करोड़ से ज्यादा राशि बांटा, कोई आरोप नहीं लगा सकता– प्रमोशन को लेकर शिक्षक बोलते हैं कि दो व तीन लाख मांग रहा है. प्रभारी कुलपति को सबूत दें– मानक पूरा नहीं करने वाले शिक्षकों को कहां से मिलेगा प्रमोशन

परीक्षा विभाग में पेमेंट करने के लिए कर्मचारी की प्रतिनियुक्ति

रजिस्ट्रार ने कहा कि परीक्षा विभाग में बकाया पेमेंट भुगतान को लेकर विवि प्रेस के एक कर्मचारी दिलीप झा की प्रतिनियुक्ति परीक्षा विभाग में की गयी है.उन्होंने बताया कि केवल परीक्षा से जुड़े बकाया बिल के भुगतान मामले का दस्तावेज जांच कर एफओ व रजिस्ट्रार के समक्ष फाइल बढ़ायेंगे. ताकि बकाया भुगतान का जल्द से जल्द भुगतान हो सके.

आनंद मिश्रा पर दर्ज प्राथमिकी को वापस लेने की मांग –

परीक्षक व कॉलेज प्रशासन की बैठक के दौरान करीब एक सौ परीक्षकों ने हस्ताक्षर किये आवेदन रजिस्ट्रार को सौंपा है. इसमें परीक्षक डॉ आनंद मिश्रा पर विवि की तरफ से दर्ज करायी गयी प्राथमिकी वापस लेने की मांग की गयी. साथ ही कॉपी जांच का बकाया पारिश्रमिक भुगतान करने की मांग की गयी है. मौके पर डॉ परवेज अख्तर ने कहा कि घटना को लेकर सभी शिक्षक गलती मान रहे हैं. लेकिन अपनी परेशानी को अभिभावक के ही सामने रखेंगे. अगर कोई वित्त रहित शिक्षकों के साथ इज्जत से खिलवाड़ करेगा. वित्त रहित शिक्षक संगठन छोड़ेगा भी नहीं. प्रभारी कुलपति उनके अभिभावक हैं. उनके सम्मान की रक्षा के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By KALI KINKER MISHRA

KALI KINKER MISHRA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >