सुलतानगंज नगर परिषद के एनजीओ के तहत कार्यरत सफाई कर्मी अपनी मांगों को लेकर दसवें दिन भी हड़ताल पर डटे रहे. शुक्रवार को सफाई कर्मी उपसभापति नीलम देवी के आवास पर पहुंचे और बकाया भुगतान की मांग को लेकर वार्ता की. सफाइकर्मियों ने बताया कि सावन और भादो माह का वेतन अब तक बकाया है, जबकि पीएफ के नाम पर वेतन से राशि की कटौती की गई है, लेकिन संबंधित खाते में जमा नहीं कराई गई. मजदूरों ने स्पष्ट किया कि जब तक बकाया वेतन और पीएफ सहित सभी देय राशि का भुगतान नहीं किया जाता, तब तक हड़ताल से वापस नहीं लौटेंगे. उपसभापति नीलम देवी के साथ हुई वार्ता के दौरान यह सहमति बनी कि बकाया भुगतान सुनिश्चित होने के बाद ही हड़ताल समाप्त की जाएगी. वार्ता में उपसभापति के प्रतिनिधि रामधनी यादव, सन्नी कुमार और मनीष कुमार भी मौजूद रहे. उन्होंने सफाइकर्मियों को हर संभव स्तर पर समस्या के समाधान का आश्वासन दिया. उपसभापति के प्रतिनिधि ने कहा कि सफाई कर्मी कई दिनों से हड़ताल पर हैं और उनकी मांगें पूरी तरह वाजिब हैं, लेकिन अब तक उनकी समस्याओं को गंभीरता से नहीं सुना गया. हड़ताल के कारण शहर में जगह-जगह गंदगी का अंबार लग गया है, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी हो रही है. बताया कि पुराने सफाई एजेंसी द्वारा किए गए बकाया भुगतान को लेकर शनिवार को वार्ता की जाएगी, जिसके लिए समय निर्धारित किया गया है. हड़ताली सफाई मजदूर पहुंचे मुख्य पार्षद के आवास
सुलतानगंज. नगर परिषद क्षेत्र में सफाई व्यवस्था ठप रहने से आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है. इसी क्रम में हड़ताली मजदूर शुक्रवार को नगर परिषद के मुख्य पार्षद राजकुमार गुड्डू के आवास पर पहुंचे और अपनी मांगों से उन्हें अवगत कराया. मुख्य पार्षद राजकुमार गुड्डू ने बताया कि सफाई मजदूरों से सहानुभूतिपूर्वक वार्ता की गई और उन्हें काम पर लौटने के लिए समझाया गया. बावजूद इसके अब तक हड़ताली सफाई कर्मी काम पर वापस नहीं लौट पाए हैं. वार्ता के बाद सफाई मजदूर थाना भी पहुंचे, जहां वे अपनी समस्या रखना चाहते थे, लेकिन थानाध्यक्ष से मुलाकात नहीं हो पाने के कारण वे वापस लौट गए. नगर क्षेत्र में एक से 28 वार्ड में बीते दस दिनों से नियमित सफाई कार्य बाधित है. सड़कों, गलियों में कचरा जमा होने से दुर्गंध फैल रही है और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. स्थानीय नागरिकों ने शीघ्र समाधान की मांग की है. मुख्य पार्षद ने कहा कि नगर परिषद लगातार प्रयास कर रही है कि सफाई व्यवस्था को जल्द से जल्द पटरी पर लाया जाए, ताकि शहरवासियों को राहत मिल सके.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
