गंगा किनारे सटे मोहल्ले में बाढ़ की भयावहता से लोगों की परेशानी बढ़ गयी है. कसबा गोलाघाट, सखीचंद घाट, दीपनगर, मानिक सरकार घाट, आदमपुर बैंक कॉलोनी आदि में 200 से अधिक घरों में गंगा का पानी घुस गया है. इतना ही नहीं कसबा गोलाघाट में लोगों को रतजगा करना पड़ रहा है, तो मानिक सरकार घाट रोड स्थित अपार्टमेंट के बेसमेंट में पानी भरने से वाहनों को हटाना पड़ रहा है. कसबा गोलाघाट निवासी जोगेंद्र दास, पूरण पासवान, मेघु सिंह, अरुण रजक, विजय चौधरी, विनय सिंह, नंदकिशोर सिंह आदि ने बताया कि बाढ़ का पानी घर मे घुस जाने से खाने-पीने की परेशानी हो गयी है. रातभर जगकर किसी तरह की अनहोनी से बचने का प्रयास करते हैं. छोटे-छोटे बच्चों को गोद में लेकर रात गुजारने को विवश हैं.
नाव व राहत सामग्री उपलब्ध कराने की मांग
वहीं युवा जदयू के राष्ट्रीय सचिव राकेश कुमार ओझा ने जिला प्रशासन से इन क्षेत्रों में राहत सामग्री उपलब्ध कराने की मांग की. साथ ही नाव की व्यवस्था करने की मांग की है. सखीचंद घाट के राम रजक, उमेश मंडल, नेपाली मंडल, महेंद्र राम, बबलू ठाकुर आदि का घर डूब गया है. दीपनगर काली ठाकुर लेन में बाढ़ पीड़ितों की परेशानी बढ़ती जा रही है. स्थानीय पार्षद संजय सिन्हा के आश्वासन पर देर शाम तक बाढ़ पीड़ित मेयर का इंतजार करते रहे, जब धैर्य जवाब देने लगा तो, जिला प्रशासन, मेयर व पार्षद के विरोध में नारेबाजी की. भारत के जनवादी नौजवान सभा के राज्य कमेटी सदस्य मनोज कुमार गुप्ता ने आक्रोशित लोगों को शांत कराया. आक्रोश जताने वाले में शिवजी महतो, सितारे, सौरभ कुमार, विपिन झा, राजकुमार आदि शामिल थे.अपार्टमेंट से वाहन निकालने में लगे प्रभावित लोग
मानिक सरकार घाट रोड स्थित डीएन टावर अपार्टमेंट के बेसमेंट में पानी भरने के कारण यहां रहने वाले लोगों ने अपना-अपना वाहन निकालना शुरू कर दिया. इसके अलावा आदमपुर बैंक कॉलोनी में 30 से अधिक घरों में गंगा का पानी घुसने और मार्ग अवरुद्ध होने के कारण घर से निकलना और बाहर से घर पहुंचना मुश्किल हो गया है. लोगों को कमर भर पानी में घुस कर आना-जाना पड़ रहा है. खास कर अंधेरा छाने पर जहरीले जीव-जंतु का डर बढ़ गया है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
