बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा में कमरगंज पंचायत के करीब 20 युवक-युवतियों के चयन से पूरे गांव में उत्सव जैसा माहौल है. सफलता की इस खुशी को साझा करने के लिए रविवार को पंचायत में मुखिया भरत कुमार की अध्यक्षता में भव्य सम्मान समारोह हुआ, जहां चयनित अभ्यर्थियों को फूल-माला और मेडल व अंगवस्त्र से सम्मानित किया गया. चयनित अभ्यर्थियों ने बताया कि गांव के मैदान में नियमित दौड़ और आत्मविश्वास के दम पर यह मुकाम हासिल किया है. मुखिया ने बताया कि पंचायत से अब तक करीब 300 युवक-युवतियों का चयन बिहार पुलिस में हो चुका है. इस वर्ष भी 17 लड़के व तीन लड़कियों ने सफलता का परचम लहराकर पंचायत का गौरव बढ़ाया है.
युवाओं के लिए प्रेरणा बनी सफलता की कहानी
कमरगंज के युवाओं की यह उपलब्धि क्षेत्र के अन्य अभ्यर्थियों के लिए प्रेरणा बन गयी है. ग्रामीणों का कहना है कि सीमित संसाधनों के बावजूद यहां के युवाओं ने यह साबित कर दिया कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो सफलता निश्चित है. मुखिया ने बताया कि बिहार पुलिस के अलावा पंचायत के 25 युवाओं का चयन होमगार्ड में भी हुआ है. इस गांव में हर घर से एक व्यक्ति देश सेवा में कार्यरत है. सम्मान समारोह में मुखिया, सरपंच, पंचायत सचिव , अमृतेश कुमार झा, मनोज कुमार साह, नीतिश कुमार, सुरेश साह, जयमल यादव, सुबोध मंडल, मुन्ना उर्फ संजय मंडल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण, वार्ड सदस्य, पंच एवं जनप्रतिनिधि मौजूद थे.
गंगा लिफ्ट योजना में गया कमरगंज का मैदान, युवाओं में निराशा
पंचायत के मुखिया ने बताया कि पंचायत का एकमात्र खेल मैदान गंगा लिफ्ट सिंचाई योजना के दायरे में आने के बाद युवाओं की दौड़ और खेलकूद की जगह समाप्त हो गयी है. प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं में निराशा है. खेल मैदान नहीं रहने से युवाओं में आक्रोश है. इसे देखते हुए पंचायत स्तर पर सामूहिक रूप से डीएम को आवेदन सौंपने का निर्णय लिया गया है.
