भागलपुर : तीन अक्तूबर से बरारी स्थित सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता कार्यालय में सेवांत लाभ की मांग पर अनशन पर बैठे तिलकामांझी खानपट्टी निवासी शराफत खान व उनके परिवार के सदस्यों का प्रदर्शन शनिवार को भी जारी रहा.
2014 में सिंचाई विभाग से ड्राइवर के पद से रिटायर हुए शराफत खान को विभाग की लापरवाही के कारण अब तक सेवांत लाभ की पूरी राशि नहीं मिल पायी है. उन्होंने बताया कि बकाया भुगतान की बजाय सिंचाई विभाग के पदाधिकारी उन पर दबाव बना रहे हैं. विभाग के अधीक्षण अभियंता ज्ञान प्रसाद लाल मुझसे मिलने धरना स्थल पर आये. उन्होंने धमकी भरे स्वर में कहा कि प्रदर्शन तत्काल बंद करें. बकाया भुगतान के लिये हम प्रयास कर रहे हैं.
अधीक्षण अभियंता के बाद कार्यालय के बड़ा बाबू ने मुझे बुला कर कहा कि आपका कागज बना कर गंगा पंप नहर प्रमंडल कहलगांव कार्यालय भेजा जा रहा है. शराफत खान ने बड़ा बाबू से कहा कि कहलगांव कार्यालय से मेरे कार्य अवधि का बिल बना कर 8 जनवरी 2015 को ही पत्र अधीक्षण अभियंता कार्यालय को भेज दिया गया है. बावजूद दोबारा लेटर बनाकर भेजने की बात कह मामले को लटकाया जा रहा है. जबकि बीते चार वर्षों से कार्यालय का चक्कर काटते काटते पूरा परिवार परेशान है.
41 कर्मचारियों के पैसे अटके हैं, तीन का हो चुका है देहांत
मो शराफत खान समेत 41 कर्मचारियों की बकाया राशि को विभाग ने अटका कर रखा है. इनमें से तीन रिटायर्ड कर्मचारियों का बकाया भुगतान की आस में देहांत भी हो चुका है. बकाये के इंतजार में शनिवार को कार्यालय पहुंचे विजय कुमार सिंह ने बताया कि सभी कर्मचारियों का करीब 1.45 करोड़ रुपये बकाया है.
गंगा पंप नहर प्रमंडल कहलगांव कार्यालय से जारी किये गये सभी कर्मचारियों के नाम और बकाया राशि के पत्र में पूरी जानकारी दर्ज है. अगर मांग पूरी नहीं हुई तो सभी पीड़ित कर्मचारियों को इकट्ठा कर उग्र प्रदर्शन किया जायेगा.
कर्मचारी महासंघ की कार्रवाई की चेतावनी
बिहार राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के जिलामंत्री राम कुमार शर्मा ने सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता को पत्र लिख कर मो शराफत खान समेत सभी 41 कर्मचारियों को बकाया भुगतान की मांग की है. जिलामंत्री ने कहा कि मांग पूरी नहीं हुई तो आक्रामक कार्रवाई कर भ्रष्ट चेहरे को बेनकाब किया जायेगा. आंदोलन में पेंशनर समाज को भी शामिल किया जायेगा
