Bhagalpur News: बिहार के भागलपुर में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब जिले के सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक केंद्र यानी समाहरणालय (कलेक्ट्रेट) को बम से उड़ाने की धमकी मिली. ईमेल के जरिए मिली इस सनसनीखेज धमकी ने पूरे प्रशासन के हाथ-पांव फुला दिए हैं.
भागलपुर सिविल कोर्ट को मिली पिछली धमकी के बाद अब सीधे कलेक्ट्रेट को निशाना बनाने की बात कही गई है. धमकी भरे ईमेल में दावा किया गया है कि परिसर के भीतर बम प्लांट किया गया है और जल्द ही बड़ा विस्फोट होगा. इस सूचना के बाद भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंच गया है और पूरे इलाके को सील कर दिया गया है.
जांच के लिए उतरी एक्सपर्ट्स की टीमें
जैसे ही कलेक्ट्रेट को उड़ाने की खबर फैली, आनन-फानन में पूरे परिसर को खाली करा लिया गया. अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच खौफ का माहौल है. सुरक्षा के मद्देनजर समाहरणालय के सभी प्रवेश द्वारों को बंद कर दिया गया है और आने-जाने वाले हर शख्स की गहन तलाशी ली जा रही है.
मौके पर बम निरोधक दस्ता (BDDS) और डॉग स्क्वायड की टीम पहुंच चुकी है. पुलिस के जवान फाइलों के ढेर से लेकर परिसर में खड़ी गाड़ियों और झाड़ियों तक की बारीकी से जांच कर रहे हैं. डीएसपी ट्रैफिक और डीएसपी शहरी क्षेत्र खुद इस पूरे सर्च ऑपरेशन की निगरानी कर रहे हैं.
आखिर कौन है ‘ईमेल’ वाला मास्टरमाइंड?
बिहार में पिछले दो हफ्तों से सरकारी संस्थानों और अदालतों को निशाना बनाने का एक अजीब सिलसिला शुरू हो गया है. भागलपुर से पहले राज्य के कई अन्य जिलों के कोर्ट को भी इसी तरह ईमेल के जरिए धमकियां मिल चुकी हैं.
भागलपुर पुलिस की साइबर सेल अब उस ईमेल एड्रेस और आईपी लोकेशन को ट्रैक करने में जुटी है, जहां से यह मैसेज भेजा गया था. पुलिस का मानना है कि यह किसी असामाजिक तत्व की शरारत हो सकती है, लेकिन सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन सख्ती से किया जा रहा है.
आम जनता से की गई शांति की अपील
लगातार मिल रही धमकियों ने बिहार पुलिस की चिंता बढ़ा दी है. भागलपुर प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और पैनिक न करें. समाहरणालय परिसर के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं.
फिलहाल तलाशी अभियान जारी है और पुलिस का कहना है कि जब तक पूरे परिसर को ‘क्लीन चिट’ नहीं मिल जाती, तब तक अलर्ट जारी रहेगा. पुलिस ने चेतावनी दी है कि इस तरह की झूठी अफवाह फैलाकर दहशत पैदा करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा.
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