मझौलिया . चीनी मिल के सौंदर्यीकरण समस्त गन्ना काश्तकारों तथा चीनी मिल में गन्ना लेकर तौल के लिए आए चालक व काश्तकार के बेहतरीन सुविधा के लिए चीनी मिल प्रबंधन युद्ध स्तर पर आपसी समन्वय स्थापित करते हुए कार्य कर रही है. इसकी जानकारी चीनी मिल के सीजीएम उदयवीर सिंह ने दी. उन्होंने बताया कि जनवरी माह के दूसरे सप्ताह से पोषक क्षेत्र के सभी गांव-गांव में मैं खुद अपने अपने सहकर्मियों के साथ चौपाल लगाकर किसानों के समस्याओं को सुनते हुए चीनी मिल के चौमुखी विकास के लिए उनका मार्गदर्शन लिया जाएगा तथा चीनी मिल प्रबंधन मार्गदर्शन को आपसी समन्वय स्थापित करते हुए पालन करेगी. उन्होंने बताया कि काश्तकार एवं बाहर से आगंतुक अतिथियों के लिए कैंटीन के साथ-साथ कुछ जगहों पर आकर्षक एवं मन लुभावन सेल्फी प्वाइंट की व्यवस्था की जा रही है. ताकि आगंतुक अतिथि मनोरंजन के साथ-साथ लाभान्वित हो सके. स्वच्छ पेयजल व्यवस्थित करने का काम शुरू हो गया है. बहुत जल्द सुविधा उपलब्ध करा दी जाएगी.
भुगतान एवं चालान की प्रक्रिया नियमित
सीजीएम सिंह ने बताया कि गन्ना पेराई की क्षमता बढ़ गई है रिकवरी 09.11 पर है. 21 दिसंबर तक का गन्ना मूल्य भुगतान किसानों के खाता में भेज दिया गया है. उन्होंने बताया कि छोटे किसानों को पहले ही पर्ची की सुविधा मुहैया कराई गई है. आरक्षित क्षेत्र के किसानों से अपील किया कि अन्यत्र गन्ना नहीं भेज कर चीनी मिल का सहयोग करें. उन्होंने स्पष्ट किया कि मझौलिया चीनी मिल बड़े किसानों के साथ छोटे किसानों पर भी एक समान ध्यान दे रही है. गन्ना उत्पादन में निरंतर सुधार के लिए चीनी मिल प्रबंधन कटिबद्ध है. किसान और प्रबंधन के बीच अन्योनश्रय संबंध है. इसका ख्याल रखते हुए यदि किसी भी प्रकार की समस्या हो तो चीनी मिल के अधिकारी से मिले यदि वहां नहीं सुनवाई होती है तो मैं 24 घंटे किसान की सेवा के लिए उपलब्ध हूं. सभी प्रकार की समस्याओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा.
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