Bettiah Waterlogging: नगर निगम के नवअधिग्रहित वार्ड संख्या 40 स्थित परबतिया टोला में बारिश के बाद जलजमाव की समस्या सामने आने पर महापौर गरिमा देवी सिकारिया शनिवार को स्वयं मौके पर पहुंचीं. उन्होंने कनीय अभियंता रविंद्र कुमार के साथ क्षेत्र का निरीक्षण कर हालात का जायजा लिया.
निरीक्षण के बाद तत्काल जल निकासी बहाल कराने के निर्देश दिए गए, जिससे स्थानीय लोगों को राहत मिली.
आखिर क्यों भर गया था पानी?
महापौर ने बताया कि पूर्ववर्ती ग्राम पंचायत के समय बने खंडित कच्चे नाले और स्थानीय लोगों के बीच आपसी सहमति नहीं बनने के कारण करीब 200 फीट क्षेत्र में जल निकासी पूरी तरह बाधित हो गई थी.
इसके चलते बारिश का पानी मोहल्ले में जमा हो गया था. लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही थी और जलजमाव के कारण दुर्घटनाओं की आशंका भी बनी हुई थी. बच्चों को भी आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था.
पहली कोशिश नहीं हुई सफल
समस्या की गंभीरता को देखते हुए महापौर ने सफाई निरीक्षक को तत्काल जल निकासी की व्यवस्था बहाल करने का निर्देश दिया था.
हालांकि, स्थानीय स्तर पर आपसी मतभेद के कारण पहले दिन समाधान नहीं हो सका. इसके बाद महापौर दोबारा मौके पर पहुंचीं और लोगों से बातचीत कर सहयोग और समन्वय की अपील की.
लोगों की सहमति से बहाल हुई जल निकासी
महापौर की पहल के बाद स्थानीय लोगों की सहमति बनी और तत्काल कच्चा नाला कटवाकर जल निकासी की व्यवस्था बहाल कर दी गई.
जल निकासी शुरू होते ही मोहल्ले में जमा पानी निकलने लगा और लोगों को राहत मिली.
बरसात के बाद बनेगा पक्का नाला
महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने कहा कि छोटी-छोटी समस्याओं के समाधान के लिए केवल सरकारी व्यवस्था पर निर्भर रहने के बजाय नागरिकों को भी आपसी सहयोग की भावना से आगे आना चाहिए.
उन्होंने बताया कि बरसात समाप्त होने के बाद क्षेत्र में पक्का नाला निर्माण सहित स्थायी जल निकासी व्यवस्था विकसित करने की दिशा में काम किया जाएगा.
महापौर के त्वरित हस्तक्षेप और समस्या के समाधान पर स्थानीय लोगों ने संतोष जताया.
