बेतिया: सदर वन अनुमंडल क्षेत्र में अपराध नियंत्रण और विधि-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने को लेकर गुरुवार को सदर वन एसडीपीओ अजीत कुमार ने अधीनस्थ पुलिस पदाधिकारियों के साथ क्राइम मीटिंग की. बैठक में अनुमंडल क्षेत्र में आपराधिक गतिविधियों की समीक्षा की गयी. साथ ही विभिन्न थानों में लंबित कांडों के निष्पादन की स्थिति की जानकारी ली गयी.
लंबित कांडों के निष्पादन में तेजी लाने का निर्देश
एसडीपीओ ने लंबित कांडों के निष्पादन में तेजी लाने का निर्देश दिया. उन्होंने गंभीर मामलों की जांच को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने को कहा. इसके अलावा फरार आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान चलाने तथा वारंट और कुर्की-जब्ती से जुड़े मामलों का त्वरित निष्पादन करने पर जोर दिया.
महिला उत्पीड़न और POCSO मामलों की भी समीक्षा
क्राइम मीटिंग में एससी-एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम, महिला उत्पीड़न और POCSO एक्ट से जुड़े मामलों की भी समीक्षा की गयी. एसडीपीओ ने कहा कि संवेदनशील मामलों की जांच में किसी तरह की अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए.
उन्होंने ऐसे मामलों में आवश्यक कानूनी कार्रवाई समय पर सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, ताकि पीड़ितों को समय पर न्याय मिल सके और मामलों का निष्पादन प्रभावी तरीके से किया जा सके.
गश्ती बढ़ाने और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने का निर्देश
एसडीपीओ ने सभी थानाध्यक्षों और पुलिस पदाधिकारियों को नियमित पुलिस गश्ती बढ़ाने को कहा. साथ ही संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखने और अपराध की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए सतर्क रहने का निर्देश दिया.
उन्होंने थाना स्तर पर लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करने तथा आम लोगों की शिकायतों पर गंभीरता से कार्रवाई सुनिश्चित करने को भी कहा. क्राइम मीटिंग में सदर वन अनुमंडल क्षेत्र के इंस्पेक्टर, थानाध्यक्ष समेत अन्य पुलिस पदाधिकारी मौजूद रहे.
यह भी पढ़ें
बेतिया: 23 की उम्र में असिस्टेंट प्रोफेसर बने प्रशांत, हिमाचल में मिला शिक्षक सम्मान
