Nautan News: प्रखंड स्थित आंगनबाड़ी सभागार में शनिवार को आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहायिकाओं की बैठक आयोजित की गई. बैठक में बच्चों के पोषण, केंद्रों के नियमित संचालन और कुपोषण मुक्त समाज के निर्माण पर विस्तार से चर्चा की गई.
इस दौरान सेविकाओं ने केंद्र संचालन में आने वाली विभिन्न समस्याओं से भी अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को अवगत कराया.
कुपोषण रोकने में आंगनबाड़ी की अहम भूमिका
बैठक को संबोधित करते हुए ओबीसी मंत्री के विधायक प्रतिनिधि नीरज उर्फ बबलू ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार वंचित समाज को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए कई योजनाएं चला रही हैं.
उन्होंने कहा कि समाज को कुपोषण मुक्त बनाने में आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहायिकाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है. बच्चों में साफ-सफाई, अनुशासन और अच्छी आदतों का विकास आंगनबाड़ी केंद्रों से ही शुरू होता है.
अभिभावकों को जागरूक करने की अपील
नीरज उर्फ बबलू ने सेविकाओं से कहा कि वे अभिभावकों को बच्चों के पोषण और बेहतर परवरिश के प्रति जागरूक करें, ताकि कोई भी बच्चा कुपोषण का शिकार न हो.
उन्होंने कहा कि जनजागरूकता के माध्यम से बच्चों के स्वास्थ्य और विकास में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है.
समय पर खुलें केंद्र, मेन्यू के अनुसार मिले पोषाहार
बैठक में सीडीपीओ संध्या कुमारी और मनीषा कुमारी ने सभी सेविकाओं से अपील की कि प्रत्येक आंगनबाड़ी केंद्र समय पर संचालित हो.
उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा निर्धारित पोषाहार मेन्यू के अनुसार बच्चों को नियमित रूप से भोजन उपलब्ध कराया जाए, ताकि योजनाओं का लाभ सही तरीके से बच्चों तक पहुंच सके.
गड़बड़ी मिलने पर होगी कार्रवाई
विधायक प्रतिनिधि नीरज उर्फ बबलू ने स्पष्ट कहा कि यदि किसी आंगनबाड़ी केंद्र के संचालन में किसी प्रकार की अनियमितता या गड़बड़ी की शिकायत मिलती है तो संबंधित दोषी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.
