Begusarai News (दानिश इकबाल): बेगूसराय जिले के चेरिया बरियारपुर प्रखंड अंतर्गत मंझौल पंचायत में कचरा प्रबंधन की बदहाल व्यवस्था सरकार की जल जीवन हरियाली अभियान योजना पर सवाल खड़े कर रही है. मंझौल निबंधन कार्यालय के सामने स्टेट हाइवे-55 किनारे बेतरतीब तरीके से फेंके जा रहे कचरे से स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
सड़क किनारे लग रहा कचरे का अंबार
स्थानीय लोगों के अनुसार पंचायतों से उठाए गए कचरे को निबंधन कार्यालय और उत्पाद थाना के समीप सड़क किनारे फेंका जा रहा है. प्रतिदिन यहां सैकड़ों लोग जमीन की खरीद-बिक्री के कार्य से पहुंचते हैं, लेकिन दुर्गंध और गंदगी के कारण लोगों का खड़ा होना मुश्किल हो गया है. आसपास मच्छरों की भरमार से महामारी फैलने की आशंका भी जताई जा रही है.
कचरे की वजह से सूखने लगे पेड़
सरकार की जल जीवन हरियाली अभियान के तहत वन विभाग द्वारा लगाए गए कई पेड़ कचरे और गंदगी के कारण सूखने लगे हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़े-गले कचरे से निकलने वाली बदबू ने पूरे इलाके का माहौल खराब कर दिया है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी अब तक इस समस्या से बेखबर बने हुए हैं.
पूर्व मुखिया ने उठाए सवाल
पंचायत के पूर्व मुखिया कुमार अनिल ने कहा कि कचरा निस्तारण की समुचित व्यवस्था किए बिना कचरा उठाव कराना विभागीय लापरवाही को दर्शाता है. उन्होंने जिला प्रशासन से तत्काल कचरे की सफाई कराने और स्थायी निस्तारण व्यवस्था लागू करने की मांग की है.
