मानसिक दबाव के कारण जीडी कॉलेज में नहीं ठहरना चाह रहे हैं शक्षिक
मानसिक दबाव के कारण जीडी कॉलेज में नहीं ठहरना चाह रहे हैं शिक्षक बेगूसराय (नगर). जीडी कॉलेज, बेगूसराय में बचे-खुचे शिक्षक भी अब अन्य कॉलेजों की ओर जाना चाह रहे हैं. जीडी कॉलेज में लगातार गिरती व्यवस्था और छात्र संगठनों, असामाजिक तत्वों के आक्रमण, प्रदर्शन और शिक्षकों के साथ किये जा रहे दुर्व्यवहार से महाविद्यालय […]
मानसिक दबाव के कारण जीडी कॉलेज में नहीं ठहरना चाह रहे हैं शिक्षक बेगूसराय (नगर). जीडी कॉलेज, बेगूसराय में बचे-खुचे शिक्षक भी अब अन्य कॉलेजों की ओर जाना चाह रहे हैं. जीडी कॉलेज में लगातार गिरती व्यवस्था और छात्र संगठनों, असामाजिक तत्वों के आक्रमण, प्रदर्शन और शिक्षकों के साथ किये जा रहे दुर्व्यवहार से महाविद्यालय में कार्यरत शिक्षक और कर्मचारी खिन्न और परेशान दिख रहे हैं. रह- रह कर छात्रों द्वारा अमानवीय तरीके से अपनी बातों को मानने के लिए शिक्षकों के साथ हो रहे दुर्व्यवहार का परिणाम बहुत गलत निकल कर आ रहा है. विगत एक वर्ष में महाविद्यालय ने कई कार्यरत शिक्षक और कर्मचारियों को खो दिया है. इसमें डॉ अनिल शंकर मिश्रा, पुस्तकालय अध्यक्ष मुक्तिशोर प्रसाद सिंह, लेखा विभाग में कार्यरत श्वेत कमल क्रमश: हृदयगति और ब्रेन हैमरेज के शिकार हो चुके हैं. महाविद्यालय में कार्यरत कई शिक्षकों का स्पष्ट मानना है कि इन तीन महाविद्यालयकर्मियों की मौत का कारण मानसिक तनाव था, जिनके कारण इनकी मौत हुई. लगातार इस तरह के घटना से आहत कई शिक्षक या तो अपना स्थानातंरण चाह रहे हैं या फिर वीआरएस लेना चाह रहें. विदित हो कि अब इतने बड़े महाविद्यालय में जहां 18 हजार छात्र-छात्राएं इंटर से पीजी तक की पढ़ाई कर रहे हैं. वहां महज अब 30 शिक्षक शेष बच गये हैं. उनमें से भी एक दर्जन शिक्षक स्थानातंरण प्रक्रिया में लग गये हैं. अगर सब कुछ ठीक- ठाक नहीं हुआ, तो जीडी कॉलेज, बेगूसराय में कोई भी शिक्षक आना पसंद नहीं करेंगे.
