जिले में एलपीजी सिलिंडर की कमी नहीं, परेशान न हों उपभोक्ता : डीएम
जिले में एलपीजी सिलिंडर की कमी नहीं, परेशान न हों उपभोक्ता : डीएम
By SHUBHASH BAIDYA | Updated at :
बांका. डीएम नवदीप शुक्ला ने बुधवार को अपने कार्यालय वेश्म में प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि जिले में एलपीजी सिलिंडर की कोई कमी नहीं है. उपभोक्ताओं को परेशान होने की आवश्यकता नहीं है. जिला प्रशासन द्वारा गैस वितरण प्रणाली पर कड़ी नजर रखी जा रही है. डीएम ने सभी गैस वितरकों को निर्देश दिया कि वे प्रतिदिन सुबह छह बजे से वितरण प्रारंभ करें, अधिकतम होम डिलीवरी सुनिश्चित करें व उपलब्ध गैस स्टॉक का समय पर शत-प्रतिशत वितरण करें. शहरी क्षेत्रों में घरेलू गैस बुकिंग की अवधि 25 दिन तथा ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन निर्धारित की गयी है.
अनुमंडल पदाधिकारी व मार्केटिंग ऑफिसर क्षेत्र में सक्रिय रहकर गैस वितरण व्यवस्था की निगरानी कर रहे हैं. थाना प्रभारी व प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी क्षेत्र में भ्रमणशील रहकर समस्याओं का त्वरित समाधान करेंगे. डीएम ने अफवाह फैलाने वालों व कालाबाजारी करने वालों पर कड़ी नजर रखने तथा दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई करने का भी निर्देश दिया. भीड़ की स्थिति होने पर मजिस्ट्रेट एवं पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित की जाएगी.
जिले में चार लाख से अधिक एलपीजी उपभोक्ता
तेल विपणन कंपनियों के अंतर्गत जिले में बीपीसीएल के 5, एचपीसीएल के 15 व आइओसीएल के 16 वितरक कार्यरत हैं. जिले में कुल 4,19,563 एलपीजी उपभोक्ता हैं, जिनमें 2,40,160 प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के अंतर्गत आते हैं. पिछले दिन 3,125 उपभोक्ताओं ने गैस बुकिंग करायी, जबकि 5,011 उपभोक्ताओं को सफलतापूर्वक गैस वितरित की गई. जिले में 14.2 किलोग्राम सिलिंडर के 1,36,852 और व्यवसायिक सिलिंडर के 2,312 उपभोक्ता हैं. समाहरणालय में आम जनता की शिकायतों के त्वरित निवारण के लिए एक नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है, जिसका दूरभाष संख्या 06424-223001, 223002 एवं 223004 है.
सिलिंडर वितरकों को सुचारू व नियमित आपूर्ति का निर्देश
डीएम ने समाहरणालय स्थित मिनी सभागार में एलपीजी गैस वितरण से संबंधित बैठक आयोजित की व सुचारू एवं नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने तथा आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान पर बल दिया. डीएम ने स्पष्ट रूप से कहा कि गैस वितरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. इस अवसर पर जिला आपूर्ति पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी, पेट्रोलियम कंपनियों के प्रतिनिधि, गैस एजेंसी संचालक व अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे.