बांका जिले के कटोरिया प्रखंड की राधानगर बाजार निवासी और उर्दू प्राथमिक विद्यालय बिदायडीह की शिक्षिका खुशबू कुमारी को राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार-2026 मिला है. मंगलवार को राजधानी पटना में राज्य सरकार ने उन्हें खास सम्मान दिया.
पटना स्थित विकास भवन सचिवालय में एक खास कार्यक्रम के दौरान बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने उन्हें अंगवस्त्र, शॉल, मोमेंटो, 30 हजार रुपये की सम्मान राशि का चेक और ‘वंदे मातरम्’ पुस्तक भेंट कर सम्मानित किया. राज्य स्तर पर मिले इस खास सम्मान से बांका जिले के प्रशासनिक और शैक्षणिक महकमे में खुशी की लहर दौड़ गई है.
राष्ट्रपति से मिला राष्ट्रीय सम्मान
उल्लेखनीय है कि 5 सितंबर को शिक्षक दिवस के खास मौके पर नई दिल्ली स्थित विज्ञान भवन में आयोजित राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार समारोह-2026 में देश की महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शिक्षिका खुशबू कुमारी को उनके बेहतरीन और नए शैक्षणिक काम के लिए राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार से नवाजा था.
राष्ट्रपति के हाथों देश के सबसे बड़े शिक्षक सम्मान से सम्मानित होने के बाद अब बिहार के शिक्षा विभाग द्वारा उन्हें पटना बुलाकर सम्मानित किए जाने से पूरे कटोरिया क्षेत्र का मान बढ़ा है.
पटना में शिक्षा मंत्री से खास मुलाकात
शिक्षिका खुशबू कुमारी ने पटना में मिले इस सम्मान को अपने शिक्षण जीवन का एक यादगार और गौरवशाली पल बताया. उन्होंने कहा कि विकास भवन में शिक्षा मंत्री के कमरे में उनके साथ खुलकर और अपनेपन से बात करने का मौका मिला.
बातचीत के दौरान शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने ग्रामीण क्षेत्र के स्कूल में बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने, टीएलएम (शिक्षण अधिगम सामग्री) के नए तरीकों से इस्तेमाल, खेल-खेल में शिक्षा देने के नए तरीके और उनके लंबे संघर्ष भरे सफर के बारे में बारीकी से समझा और उनकी काम करने की शैली की खूब तारीफ की.
बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए नए संकल्प के साथ बढ़ेंगे आगे: खुशबू कुमारी
सम्मान मिलने के बाद खुशबू कुमारी ने कहा कि मंत्री द्वारा एक शिक्षक के जमीनी कामों को खुद सुनना और हौसला बढ़ाना बहुत अच्छा, प्रेरणा देने वाला और जोश भरने वाला अनुभव रहा.
उन्होंने कहा कि पहले देश की पहली नागरिक राष्ट्रपति द्वारा और फिर अपने राज्य के शिक्षा मंत्री द्वारा यह सम्मान मिलना दोहरी खुशी का अहसास कराता है. यह सम्मान बच्चों के भविष्य के लिए और अधिक मेहनत और लगन से काम करने की मेरी जिम्मेदारी बढ़ाता है.
बांका और कटोरिया के शिक्षा जगत में उत्साह
खुशबू कुमारी की इस दोहरी उपलब्धि से उनके पैतृक गांव राधानगर सहित पूरे कटोरिया प्रखंड और बांका जिले के शिक्षकों, अभिभावकों व आम नागरिकों में गर्व का माहौल है. स्थानीय बुद्धिजीवियों और साथी शिक्षकों ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनकी यह ऐतिहासिक सफलता जिले के दूसरे शिक्षकों और छात्र-छात्राओं को अपने-अपने क्षेत्र में बेहतरीन काम करने के लिए प्रेरित करेगी.
