कुर्माहाट को अतिक्रमण मुक्त कराने ग्रामीणों ने सीओ से लगायी गुहार
Bhagalpur News : कभी इलाके की पहचान और लाखों के राजस्व का जरिया रहा कुर्माहाट अब अतिक्रमण की गिरफ्त में सिमटता जा रहा है. हालत यह है कि हाट का आयोजन अब सड़क पर होने लगा है, जिससे हर दिन हादसे का खतरा मंडरा रहा है. ग्रामीणों ने अब प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है.
धोरैया (बांका) से प्रदीप कुमार की रिपोर्ट
बांका जिले के धोरैया प्रखंड स्थित प्रसिद्ध कुर्माहाट को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग तेज हो गई है. कुर्मा गांव के ग्रामीणों ने अंचलाधिकारी श्रीनिवास सिंह को आवेदन देकर हाट को पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त कराने की गुहार लगाई है. ग्रामीणों का आरोप है कि हाट की जमीन पर कब्जे के कारण अब बाजार और धार्मिक कार्यक्रम स्टेट हाईवे पर आयोजित किए जा रहे हैं, जिससे बड़ी दुर्घटना की आशंका बनी रहती है.
अतिक्रमण की वजह से सड़क पर लग रहा हाट
ग्रामीण मोहम्मद हसनैन, जुनैद अंसारी, मिनहाज, कुंदन मंडल, जुल्फिकार आलम और रिजवान समेत अन्य लोगों ने आवेदन में बताया कि कुर्माहाट प्रखंड का प्रसिद्ध हाट है, जहां से सरकार को हर वर्ष लाखों रुपये राजस्व की प्राप्ति होती है.
अतिक्रमण का शिकार हाट
ग्रामीणों के अनुसार, हाट पूरी तरह अतिक्रमण का शिकार हो चुका है. इसी कारण बाजार और मोहर्रम जैसे बड़े कार्यक्रम अब धोरैया-सन्हौला स्टेट हाईवे पर आयोजित किए जा रहे हैं. सड़क पर भीड़भाड़ और कार्यक्रम होने से हमेशा दुर्घटना की आशंका बनी रहती है.
अंचल कार्यालय पर भी लगाए गंभीर आरोप
ग्रामीणों ने आवेदन में आरोप लगाया है कि अंचल कार्यालय की मिलीभगत से हाट की जमीन की जमाबंदी निर्गत कर दी गई, जिससे अतिक्रमणकारियों का कब्जा मजबूत हो गया.उनका कहना है कि इसी कारण धीरे-धीरे संपूर्ण हाट पर कब्जा कर लिया गया और आम लोगों के उपयोग की जगहें भी सीमित हो गई हैं.
सामुदायिक भवन पर भी कब्जे का आरोप
ग्रामीणों ने बताया कि कुर्माहाट परिसर में बने दो सामुदायिक भवनों को भी अतिक्रमित कर लिया गया है. आरोप है कि कब्जाधारी ग्रामीणों को इन भवनों का उपयोग नहीं करने दे रहे हैं.इससे सामाजिक और सामुदायिक कार्यक्रमों के आयोजन में भी लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
सामाजिक सौहार्द और सुरक्षा का हवाला
ग्रामीणों ने आवेदन में कहा है कि अगर समय रहते अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो भविष्य में सामाजिक तनाव और बड़ी दुर्घटना की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता. उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर जल्द कार्रवाई की मांग की है.इस संबंध में Shrinivas Singh ने ग्रामीणों को आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है.