ANM GNM Training : बांका जिले के कटोरिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मनोरमा देवी नर्सिंग एंड एलाइड साइंस इंस्टीच्यूट के एएनएम एवं जीएनएम प्रशिक्षुओं को अस्पताल आधारित व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है. इस प्रशिक्षण का उद्देश्य प्रशिक्षुओं को मरीजों की जांच, उपचार प्रक्रिया और आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की वास्तविक कार्यप्रणाली से परिचित कराना है, ताकि वे भविष्य में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं दे सकें.
इमरजेंसी वार्ड में सिखाई गई क्लीनिकल जांच की तकनीक
प्रशिक्षण के दौरान कटोरिया सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. विनोद कुमार ने इमरजेंसी वार्ड में प्रशिक्षुओं को मरीजों की जांच और निरीक्षण की महत्वपूर्ण विधियों की जानकारी दी. उन्होंने पाल्पेशन, पर्कशन और ऑस्कल्टेशन जैसी आवश्यक क्लीनिकल तकनीकों को विस्तार से समझाया तथा प्रशिक्षुओं से उनका व्यावहारिक अभ्यास भी कराया. इससे विद्यार्थियों को मरीजों की स्थिति का सही आकलन करने की प्रक्रिया समझने का अवसर मिला.
सिर्फ सैद्धांतिक नहीं, व्यावहारिक ज्ञान भी जरूरी
डॉ. विनोद कुमार ने कहा कि नर्सिंग शिक्षा में केवल पुस्तकीय ज्ञान पर्याप्त नहीं होता. अस्पताल में मरीजों के बीच रहकर जांच, उपचार और आपातकालीन परिस्थितियों में कार्य करने का व्यावहारिक अनुभव भी उतना ही महत्वपूर्ण है. ऐसे प्रशिक्षण से प्रशिक्षुओं में आत्मविश्वास बढ़ता है और वे चिकित्सकीय टीम के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करना सीखते हैं.
प्रशिक्षुओं ने सीखी उपचार प्रक्रिया की बारीकियां
अस्पताल प्रशिक्षण के दौरान एएनएम और जीएनएम प्रशिक्षुओं ने मरीजों की जांच की पूरी प्रक्रिया को नजदीक से देखा और विभिन्न क्लीनिकल तकनीकों का अभ्यास किया. प्रशिक्षण के दौरान उन्हें मरीजों की देखभाल, प्राथमिक जांच और अस्पताल की कार्यप्रणाली से जुड़े कई महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी भी दी गई.
बड़ी संख्या में मौजूद रहे स्वास्थ्यकर्मी और प्रशिक्षु
इस अवसर पर हेल्थ मैनेजर अमरेश कुमार, चिकित्सक डॉ. शैलजानंद शुक्ला, डॉ. मुकेश कुमार सहित संस्थान के कई एएनएम एवं जीएनएम प्रशिक्षु मौजूद रहे. प्रशिक्षण में सोनम कुमारी, सत्यम, मुस्कान, अंकुश, ब्यूटी, विभिषण, संध्या, सुदीपा, परशुराम, तन्नू, फूल, नेहा, खुशबू और रिया समेत बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने भाग लेकर व्यावहारिक अनुभव प्राप्त किया.
