जर्जर विद्यालय पर टिका सौ नौनिहालों का भविष्य
क्षेत्र के बसमत्ता पंचायत अंतर्गत भुखिया गांव में विद्यालय का भवन अब भी पुराना खपड़ैल वाला ही है. विद्यालय भवन अत्यंत जर्जर है. गांव और आसपास के बच्चे इसी विद्यालय में जान जोखिम में डाल कर पढ़ रहे हैं.
जयपुर : भुखिया गांव के जर्जर विद्यालय में नौनिहालों के लिए पढ़ाई के वास्ते और कोई विकल्प नहीं है. बच्चे तो नहीं लेकिन उनके अभिभावक अपने बच्चों की जान की सुरक्षा को लेकर जरूर चिंतित हैं. विद्यालय के शिक्षक भी भवन की जर्जर स्थिति को स्वीकार करते हैं. यह विद्यालय कटोरिया प्रखंड के अंतर्गत पड़ता है.
गांव के भीम यादव, नंदलाल यादव, शिवनारायण यादव आदि ने कहा कि उन्होंने भी इसी विद्यालय में पढ़ा हैं और अब उनके पोते यहां पढ़ रहे हैं. तब से आज तक विद्यालय की सेहत निरंतर बिगड़ती ही चली गयी है. भवन की मरम्मत या नये भवन के निर्माण की दिशा में कोई कदम प्रशासनिक स्तर पर नहीं उठाया जा रहा.
विद्यालय में एक चापानल है लेकिन वह भी खराब पड़ा है. रसोई घर डमोले अर्थात ताड़ के पत्तों से बना है. विद्यालय के शिक्षक चंद्रकांत कुमार ने कहा कि विद्यालय के भवन निर्माण की स्वीकृति प्राप्त हो चुकी है. भवन निर्माण की प्रक्रिया शीघ्र ही आरंभ होगी. इस विद्यालय में सौ से अधिक बच्चे नामांकित है.
