पीपल के पौधे से पुल के पीलर में दरारें
क्षतिग्रस्त हो सकता है पुल ... पुल के रख-रखाव पर विभागीय सुस्ती पर जनता उठा रही सवाल बांका : पुल निगम व एनएच विभाग पुल के रख-रखाव में बिल्कुल सुस्त पड़ गई है. समय पर विभाग गंभीर नहीं हुई तो अनहोनी से कतई इंकार नहीं किया जा सकता है. जिले के एक नहीं कमोबेश सभी […]
क्षतिग्रस्त हो सकता है पुल
पुल के रख-रखाव पर विभागीय सुस्ती पर जनता उठा रही सवाल
बांका : पुल निगम व एनएच विभाग पुल के रख-रखाव में बिल्कुल सुस्त पड़ गई है. समय पर विभाग गंभीर नहीं हुई तो अनहोनी से कतई इंकार नहीं किया जा सकता है. जिले के एक नहीं कमोबेश सभी पुल-पुलियों की जर्जर हालत आज बड़ी समस्या बनकर उभर आई है. पुल के अनगिनत दरार विभागीय लापरवाही को उजागर करने के लिए काफी है. आम जनता के बीच इस बात को लेकर घोर चिंता व्याप्त हो गई है. जानकारी के मुताबिक भागलपुर-हंसडीहा को जोड़ने वाला चांदन पुल में अनगिनत पीपल के पेड़े उग आए हैं. जिसकी वजह से पुल के दर्जनों पिलर में दरार आ गई है. अगर, समय पर इसपर गंभीर पहल नहीं की गई तो पुल क्षतिग्रस्त होने की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता है. जानकार व सामाजिक कार्यकर्ताओं का मानना है कि छोटे-छोटे पीपल के पौधे पेड़ का रुप ले रहा है.
इसकी जड़े न केवल पुल के अंदरुणी हिस्से में दखल दे रहा है, बल्कि दरार भी बना रहा है. इस दौरान अगर प्राकृतिक आपदा प्रचंड रुप लेकर आ जाती है तो पुल को एक झोंके में क्षतिग्रस्त कर सकता है. लिहाजा, आम नागरिकों ने विभाग से पुल के रख-रखाव के लिए गंभीर पहल की बात कही.
सैजपुर सहित छोटे-छोटे पुल-पुलियों की स्थिति भी दयनीय
चांदन पुल ही नहीं सैजपुर पुल की स्थिति भी चिंताजनक बनी हुई है. दशकों पहले निर्मित पुल का अस्ती-पंजर ढील हो चुका. पुल में ढलाई के वक्त प्रयोग छड़ आज बाहर निकल चुका है. नीचले सिरे से चट्टान गिर रहा है. इसके अतिरिक्त छोटे-छोटे पीपल के पौधे पुल की बची शक्ति को बर्बाद करने पर तुली हुई है. इसके अलावा ग्रामीणों इलाकें के सैकड़ों पुलियों की स्थिति इसी तरह है. पीपल का पेड़ अनिगिनत संख्या में उग आए हैं, न तो संवेदक न ही विभाग इसकी कटाई के लिए ठोस कदम उठा रहे हैं.
पुल के उपरी सतह पर जम रहा बारिश का पानी : पुल के उपरी सतह पर भारी मात्रा में बालू जमा है. इसके अलावा बारिश का पानी भी जमा रहता है. जिसकी वजह से यातायात में काफी परेशानी हो रही है. विभाग पुल की सफाई पर भी मौन बनी हुई है. वहीं दूसरी ओर पुल भी क्षतिग्रस्त हो रहा है.
जल्द ही जांच टीम भेज निरीक्षण कराया जायेगा
पुल के पीलर में पीपल सहित अन्य पौधे उग आए हैं, जिससे निश्चित तौर पर पुल को हानि हो सकती है. जल्द ही जांच टीम भेज इसका निरीक्षण कराया जाएगा. साथ ही अविलंब टेंडर की प्रक्रिया पूरी कर पुल पर उगे पेड़ की कटाई व मरम्मत का कार्य शुरु किया जाएगा.
राजकुमार, कार्यपालक अभियंता, एनएच 333
