Aurangabad News : देव प्रखंड स्थित सीआरसी बिजौली में बिहार सरकार के शिक्षा विभाग की महत्वाकांक्षी पहल एफएलएन (फाउंडेशनल लिटरेसी एंड न्यूमेरेसी) के तहत एकदिवसीय उन्मुखीकरण प्रशिक्षण का आयोजन किया गया. प्रशिक्षण में शिक्षकों को बच्चों के बुनियादी पठन-पाठन और गणितीय कौशल को मजबूत बनाने के लिए प्रभावी शिक्षण पद्धतियों की जानकारी दी गई.
एफएलएन मिशन के उद्देश्य और क्रियान्वयन पर हुई चर्चा
प्राथमिक विद्यालय पिपरा के प्रधान शिक्षक एवं संकुल स्तरीय नामित ट्रेनर सुनील कुमार ने एफएलएन मिशन के उद्देश्य और विद्यालयों में इसके प्रभावी क्रियान्वयन पर विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने बताया कि मिशन का उद्देश्य प्रारंभिक कक्षाओं के विद्यार्थियों में भाषा और गणित की बुनियादी दक्षताओं का विकास करना है, ताकि उनकी सीखने की क्षमता मजबूत हो सके. उन्होंने कहा कि एफएलएन के तहत शिक्षकों की क्षमता निर्माण, गुणवत्तापूर्ण शिक्षण सामग्री के उपयोग और विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति की नियमित निगरानी पर विशेष जोर दिया जा रहा है.
बच्चों की बुनियादी दक्षता विकसित करने पर दिया गया बल
प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को प्रेरित किया गया कि वे कक्षा शिक्षण के दौरान बच्चों की भाषा और गणितीय दक्षताओं पर विशेष ध्यान दें. साथ ही विद्यार्थियों की सीखने की प्रगति का नियमित आकलन करते हुए आवश्यकता के अनुसार शिक्षण प्रक्रिया में सुधार करें, ताकि प्रत्येक बच्चा निर्धारित अधिगम स्तर तक पहुंच सके.
बड़ी संख्या में शिक्षक हुए शामिल
प्रशिक्षण में सीआरसी संचालक सह प्रधानाध्यापिका अर्पणा सिंह सहित प्राथमिक और मध्य विद्यालयों के दो-दो नामित शिक्षकों ने भाग लिया. इनमें रश्मि कुमारी, मनीषा रानी, अजीत कुमार, चंदन कुमार सोनी, प्रदीप कुमार सिंह, प्रमोद कुमार मिश्र, प्रियंका कुमारी, पल्लवी प्रिया, रंजू कुमारी, संयुक्ता कुमारी, मध्य विद्यालय रामाबांध के प्रधानाध्यापक जावेद आलम तथा मध्य विद्यालय पांडेय बिगहा के प्रधानाध्यापक भरत कुमार सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे.
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