औरंगाबाद जिले के मदनपुर प्रखंड मुख्यालय के न्यू एरिया में लघु सिंचाई विभाग द्वारा निर्मित गहरा नाला अब लोगों के लिए बड़ी परेशानी और हादसों का कारण बनता जा रहा है. करीब 12 फीट गहरे और 10 फीट चौड़े इस नाले पर ढक्कन नहीं लगाए जाने से स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है.
ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द ही सुरक्षा के उपाय नहीं किए गए तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है.
इस्लामपुर से मदनपुर मुख्य तालाब तक बना है नाला, आवागमन बाधित
स्थानीय निवासी अवधेश यादव, इंद्रदेव यादव, गोलू कुमार सोनी, रविन्द्र शर्मा, असलम शाह, उपेंद्र कुमार, जितेंद्र यादव, धर्मेंद्र शर्मा और सिंधु कुमार पासवान ने बताया कि इस्लामपुर गांव से मदनपुर मुख्य तालाब के चहका तक जल निकासी के लिए नाला का निर्माण कराया गया है.
निर्माण कार्य के दौरान ही ग्रामीणों ने संबंधित विभाग और प्रशासन से नाले पर ढक्कन लगाने की मांग की थी, क्योंकि इसी रास्ते से प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग, स्कूली बच्चे, किसान और राहगीर आते-जाते हैं. रविवार को लगने वाले साप्ताहिक पशु बाजार में भी इसी मार्ग से पशुओं का आवागमन होता है. इसके अलावा सूर्य मंदिर जाने वाले श्रद्धालु भी इसी रास्ते का उपयोग करते हैं.
नाले में गिरकर घायल हो रहे लोग व मवेशी, बच्चों की सुरक्षा पर संकट
ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार लोग और मवेशी इस गहरे नाले में गिरकर घायल हो चुके हैं. नाले में अभी भी पानी भरा हुआ है, जिससे खतरा और बढ़ गया है. सबसे अधिक चिंता छोटे बच्चों और स्कूल आने-जाने वाले विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर है.
मिट्टी कटने से सड़क क्षतिग्रस्त होने की आशंका
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि नाले के दोनों किनारों पर मिट्टी की भराई नहीं होने से सड़क की मिट्टी लगातार कट रही है. यदि समय रहते भराई नहीं कराई गई तो सड़क क्षतिग्रस्त हो सकती है और आवागमन प्रभावित होने की आशंका है.
जिलाधिकारी औरंगाबाद से गुहार और आंदोलन की चेतावनी
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी औरंगाबाद से मांग की है कि मामले की तत्काल जांच कर संबंधित विभाग को नाले पर ढक्कन लगाने, किनारों की भराई कराने तथा अन्य आवश्यक सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने का निर्देश दिया जाए, ताकि संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सके. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करने को विवश होंगे.
