– शिक्षा विभाग के पदाधिकारी कर रहे जनकारी से इनकार
रफीगंज (औरंगाबाद) : शिक्षा के मंदिर में शिक्षक का रूप देवता का होता है. विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चे शिक्षकों को भगवान मान कर आशीर्वाद प्राप्त करते है. लेकिन शिक्षा के मंदिर को अब भगवान ही नहीं संभाल पा रहे है.
लेट से आना, लापरवाही तो अब शिक्षकों की आदत सी बन गयी है. प्रधानाध्यापक हो या शिक्षक आपसी समझौते के बाद स्कूल जाते हैं व अनुपस्थित होते हैं. यही जब विवाद बन जाता है तो कुछ भी इनके बीच संभव है. रफीगंज प्रखंड के मध्य विद्यालय पोगर में बुधवार को जो घटना घटी वह शिक्षा के मंदिर को शर्मसार किया. अटेंडेंस विवाद को लेकर शिक्षक आपस में ही भिड़ गये.
प्रधानाध्यापक काशीनाथ लाल खत्री को शिक्षकों ने पिटाई कर दी. प्रधानाध्यापक भी जितना हाथ चलाते चलाये. हालांकि ऐसी घटना से विद्यालय के शिक्षकों व शिक्षा विभाग के पदाधिकारी इनकार कर रहे है.
लेकिन मामला चर्चा में बना हुआ है. शिक्षकों का कहना था कि जब प्रधानाध्यापक अनुपस्थित रहते है तो उनकी हाजिरी रजिस्टर में बना दी जाती है, लेकिन जब शिक्षक अनुपस्थित रहते है तो उनकी हाजिरी उनके द्वारा काट दी जाती है. इस संबंध में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी मुजीब अंसारी ने बताया कि विद्यालय में विवाद की सूचना प्राप्त हुई. संकुल समन्वयक अहमद अंसारी को वहां भेजा गया. शिक्षकों को शांत कराया गया. आपस में नोक झोंक हुई,मारपीट की घटना नहीं घटी है.
