अरवल सदर अस्पताल में खुला ‘क्लब फुट क्लिनिक’, जन्मजात टेढ़े हाथ-पैर वाले बच्चों का होगा मुफ्त इलाज

Sadar Hospital Arwal : अरवल सदर अस्पताल में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत क्लब फुट क्लिनिक की शुरुआत की गई है. यहां जन्मजात टेढ़े हाथ-पैर वाले बच्चों का निःशुल्क इलाज, विशेष जूते और सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे. क्लिनिक का उद्घाटन सिविल सर्जन डॉ. राजकिशोर प्रसाद ने किया.

अरवल से निशिकांत की रिपोर्ट
Sadar Hospital Arwal : जन्म से हाथ या पैर टेढ़े होने की समस्या से जूझ रहे बच्चों के लिए अरवल सदर अस्पताल में क्लब फुट क्लिनिक की शुरुआत कर दी गई है. क्लिनिक का उद्घाटन सिविल सर्जन डॉ. राजकिशोर प्रसाद ने किया. इस क्लिनिक में बच्चों को विशेष बाल अस्थि चिकित्सा (पीडियाट्रिक ऑर्थोपेडिक) एवं विकृति सुधार की सुविधाएं निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएंगी.

मुफ्त इलाज के साथ मिलेंगे विशेष जूते व उपकरण

सिविल सर्जन डॉ. राजकिशोर प्रसाद ने बताया कि क्लब फुट क्लिनिक में जन्मजात टेढ़े पैर वाले बच्चों का पूरी तरह निःशुल्क इलाज किया जाएगा. इलाज के दौरान बच्चों को विशेष जूते एवं सहायक उपकरण भी उपलब्ध कराए जाएंगे, ताकि वे सामान्य रूप से चलने-फिरने का अभ्यास कर सकें. इससे गरीब परिवारों को महंगे इलाज का आर्थिक बोझ नहीं उठाना पड़ेगा.

ऑर्थोपेडिक विभाग में संचालित होगा क्लिनिक

राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत स्थापित यह क्लब फुट क्लिनिक सदर अस्पताल की ओपीडी स्थित ऑर्थोपेडिक विभाग में संचालित होगा. स्वास्थ्य विभाग ने इसके लिए अलग कक्ष भी निर्धारित कर दिया है.

इन समस्याओं का होगा उपचार

चिकित्सकों के अनुसार धनुषाकार पैर (जेनु वरुम) और घुटनों का अंदर की ओर मुड़ना (जेनु वैल्गम) बच्चों में सामान्य विकास संबंधी स्थितियां हो सकती हैं, लेकिन समय पर उपचार नहीं मिलने पर यह गंभीर समस्या बन सकती है.

हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. अशोक कुमार ओझा ने बताया कि विटामिन-डी, कैल्शियम और फॉस्फोरस की कमी, गर्भावस्था के दौरान उचित देखभाल का अभाव तथा जन्म के बाद पोषण संबंधी लापरवाही के कारण बच्चों में हड्डियों की विकृतियां विकसित हो सकती हैं. उन्होंने बताया कि एकोंड्रोप्लासिया जैसे हड्डी विकास संबंधी विकार भी पैरों के टेढ़े होने का कारण बनते हैं.

पहले बच्चे का इलाज शुरू

क्लब फुट क्लिनिक में जन्म से टेढ़े पैर वाले एक बच्चे का इलाज शुरू कर दिया गया है. हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. विनीत कुमार रंजन ने बच्चे का परीक्षण कर उपचार प्रारंभ किया. आगे भी इसी क्लिनिक में वे ऐसे बच्चों का इलाज करेंगे. उद्घाटन समारोह में सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. उमेश प्रसाद, एनसीडीओ डॉ. अरविंद कुमार, अस्पताल प्रबंधक शशांक कुमार, डीसीएम सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित रहे.

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Published by: Nikhil Anurag

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