Ganesh Utsav: कलश स्थापना के साथ ही गणेश उत्सव शुरू हो गया है. अरवल शहर में भी गणेश चतुर्थी का पर्व उत्साह के साथ मनाया जा रहा है. पुरानी सब्जी मंडी काली स्थान में बने भव्य पंडाल में स्थापित गणेश प्रतिमा का विधि-विधान पूर्वक पूजन के बाद पट खोल दिया गया. पट खुलते ही गणपति बप्पा के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया. श्रद्धालु भगवान गणेश की प्रतिमा का दर्शन कर पूजा-अर्चना कर रहे हैं.
तिरुपति बालाजी थीम में सजा भव्य पंडाल
इस बार तिरुपति बालाजी थीम पर भव्य पंडाल बनाया गया है, जिसमें गणपति बप्पा विराजे हैं. एनएच-33 सदर प्रखंड से लेकर शहीद भगत सिंह चौक तक सड़क के दोनों किनारे बांस से बैरिकेडिंग कर लगभग एक किलोमीटर तक रंग-बिरंगी आकर्षक लाइट और कपड़े से सजावट की गयी है. आकर्षक पंडाल में भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित की गयी है.
यहां लगातार दसवें वर्ष गणेश पूजा का आयोजन किया जा रहा है. पंडाल और भगवान गणेश की प्रतिमा के दर्शन के लिए अरवल शहर के अलावा आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं. रात्रि के समय श्रद्धालुओं की भीड़ अधिक हो रही है.
सोन नदी से जलभरी के बाद शुरू हुआ पूजन
व्यवस्थापक गौरव चौरसिया ने बताया कि सुबह सोन नदी से जलभरी की गयी. इसके बाद पूजन शुरू हुआ और भगवान गणेश की मूर्ति स्थापित की गयी. उन्होंने बताया कि 14 सितंबर से 19 सितंबर तक गणेश उत्सव मनाया जायेगा.
18 को भंडारा, 19 को होगा विसर्जन
गणेश उत्सव के दौरान 18 सितंबर को विशाल भंडारा का आयोजन किया जायेगा. वहीं, 19 सितंबर को धूमधाम से भगवान गणेश की प्रतिमा का विसर्जन किया जायेगा. गणेश चतुर्थी पर भगवान गणेश के दर्शन के लिए शहर के अलावा आसपास के गांवों से हजारों लोग पहुंचते हैं.
आयोजन में ये लोग रहे मौजूद
पूजन के अवसर पर अमितेश कुमार उर्फ मंटू, उपाध्यक्ष विकास कुमार उर्फ टाइगर, सूरज बेबी, सूरज मनी, सचिव संतोष कुमार, उपसचिव रंजीत प्रजापति, अभिषेक कुमार, बबलू, कार्यकारिणी अध्यक्ष विवेक प्रजापति, व्यवस्थापक गौरव चौरसिया, अंकित कुमार, सुजीत मौर्य, लाइसेंसधारी अमितेश और मीडिया प्रभारी रंजीत कुमार प्रभाकर मुख्य रूप से उपस्थित थे.
