प्रतिबंध के बाद भी जिले में खुलेआम िबक रही ताड़ी

अरवल : वैशाख आते ही सड़क किनारे ताड़ी के धंधेबाजों ने धंधा शुरू कर दिया है. सुबह होते ही यहां पर पियक्कड़ों की भीड़ जुटने लगती है, जो देर शाम तक जारी रहती है. वहीं स्थानीय थाना पुलिस मूक दर्शक बनी हुई है, जबकि उत्पाद एवं मद निषेध विभाग ने यह स्पष्ट कर दिया है […]

अरवल : वैशाख आते ही सड़क किनारे ताड़ी के धंधेबाजों ने धंधा शुरू कर दिया है. सुबह होते ही यहां पर पियक्कड़ों की भीड़ जुटने लगती है, जो देर शाम तक जारी रहती है. वहीं स्थानीय थाना पुलिस मूक दर्शक बनी हुई है, जबकि उत्पाद एवं मद निषेध विभाग ने यह स्पष्ट कर दिया है कि ताड़ी को भी शराब की श्रेणी में ही रखा गया है.

खुलेआम इसकी खरीद-बिक्री, भंडारण व परिवहन पर पूर्ण रूप से प्रतिबंधित है, बावजूद पुलिसिया लापरवाही के कारण अब भी कई जगहों पर खुलेआम ताड़ी की धड़ल्ले से खरीद-बिक्री हो रही है.
पटना-औरंगाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग 139 और 110 किनारे खुलेआम ताड़ी बेची जा रही है. ऐसा तब है जब इस मुख्य पथ से पुलिस से लेकर पदाधिकारियों के वाहन गुजरते रहते हैं, लेकिन इसके बाद उनकी नजर ताड़ी बेच रहे बच्चे एवं जमावड़ा लगाये पियक्कड़ों पर नहीं पड़ रही है और क्षेत्र में चुनाव का माहौल है. सरकार शराबबंदी लागू करने के साथ ही ताड़ी पर भी अपने तेवर कड़े किये हुए है.
ताड़ी पीने और बेचने के लिए बनाये गये नियम का कड़ाई से पालन हो, इसको लेकर सरकार ने प्रशासन से लेकर पुलिस को निर्देश दिया है, लेकिन जिले में सरकार के इस निर्देश का खुलेआम उल्लंघन हो रहा है. पूरे जिले में सड़क किनारे स्कूल के समीप नाबालिग बच्चे खुलेआम ताड़ी बेच रहे हैं.
10 बजे रात तक सजती है ताड़ी की महफिल : ताड़ी की महफिल सुबह से लेकर रात 10 बजे तक सजती है. ट्रक चालक से लेकर जुगाड़ वाहन चालक तक ताड़ी का सेवन करते हैं, जो दुर्घटना का आमंत्रण देने के समान है.
इसी राज्य मार्ग पर प्रतिदिन सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिससे महज एक महीने के अंदर 10 -15 लोगों की जान गयी है, लेकिन खुलेआम बिक रही ताड़ी पर शासन प्रशासन की कोई नजर नहीं है, जबकि सड़क किनारे और स्कूल के आस-पास किसी भी प्रकार के नशीली वस्तुओं को बेचना अपराध की श्रेणी में आता है.
होगी कार्रवाई
ताड़ी के खिलाफ अक्सर अभियान चलाया जाता है. 548 लोगों को नीरा का लाइसेंस दिया गया है. पिछले दिनों चार लोगो को जेल भी भेजा गया है. नीरा की अनुज्ञप्ति सरकार देती है. नीरा की आड़ में अगर कोई ताड़ी बेचते पकड़ा जायेगा तब जेल जाना पड़ेगा. दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जायेगा.
नीतीश कुमार, उत्पाद अधीक्षक, अरवल

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >