आरा
. कृषि भवन के प्रांगण में दो दिवसीय किसान मेला सह कृषि यांत्रिकरण मेले का भव्य शुभारंभ हुआ. जिलाधिकारी तनय सुल्तानिया ने दीप प्रज्ज्वलित कर मेले की विधिवत शुरुआत की.इस अवसर पर उन्होंने कृषि से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों और अब तक किसानों के हित में किए गए विकास कार्यों की विस्तार से चर्चा की. मेले को आकर्षक और भव्य बनाने में कृषि एवं संबंधित विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉल और आधुनिक कृषि यंत्रों की प्रदर्शनी ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. जिलाधिकारी ने सभी स्टॉलों का निरीक्षण करते हुए वहां प्रदर्शित नवीनतम कृषि यंत्रों एवं तकनीकों की जानकारी प्राप्त की. उन्होंने जिला कृषि पदाधिकारी को निर्देश दिया कि अधिक से अधिक किसानों को इन उन्नत यंत्रों का लाभ दें. जिला कृषि पदाधिकारी ने मेले में कृषि विभाग की अब तक की उपलब्धियों और यांत्रिकरण योजनाओं की विस्तृत जानकारी किसानों को दी.2264 यंत्रों की खरीदारी के लिए दिया गया परमिट : यांत्रिकरण योजनान्तर्गत कृषि विभाग द्वारा 2264 यंत्रों के क्रय के लिए परमिट दिया गया.इनमें से 1652 किसान यंत्र क्रय कर चुके हैं.इसी प्रकार कस्टम हायरिंग योजना के तहत 10 यंत्र खरीदारी की बैंक के लक्ष्य की उपलब्धि प्राप्त कर ली गई है. इसमें सीएचसी सीएचसी -07 के 7 और एफएमबी एफएमबी-03 के 3 यंत्रों की प्राप्ति पूरी हो चुकी है.वर्ष 2024-25 में बीज वितरण के तहत खरीफ फसल के लिए 2596.84 क्विंटल के विरुद्ध 2596.64 क्विंटल बीज वितरित किया गया. वहीं रबी 2024 में 20390 क्विंटल के लक्ष्य के विरुद्ध 20368.50 क्विंटल बीज का वितरण सफलतापूर्वक किया गया. गरमा फसल के लिए 1891 क्विंटल के लक्ष्य के विरुद्ध 128.38 क्विंटल बीज का वितरण हुआ. उप परियोजना निदेशक,आत्मा राणा राजीव रंजन कुमार ने मंच संचालन किया.इस अवसर पर सहायक निदेशक, उद्यान, सहायक निदेशक, पौधा संरक्षण, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी, सदर आरा, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक, सभी प्रखंड कृषि पदाधिकारी, कृषि समन्वयक, किसान सलाहकार, कार्यपालक सहायक एवं सहायक तकनीकी प्रबंधक उपस्थित थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
