Arrah News : (नरेन्द्र प्रसाद सिंह) भोजपुर जिले में बिना विभागीय स्वीकृति के संचालित निजी विद्यालयों के खिलाफ अब सख्त कार्रवाई की जाएगी. जिला शिक्षा पदाधिकारी मानवेंद्र राय ने इस संबंध में शिक्षा अवर निरीक्षक, आरा तथा सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि अपने-अपने क्षेत्रों में बिना मान्यता के चल रहे निजी विद्यालयों की सूची तैयार कर शीघ्र उपलब्ध कराएं, ताकि उन पर नियमानुसार कार्रवाई की जा सके.
एक सप्ताह में मांगी गई रिपोर्ट
जिला शिक्षा पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि सभी शिक्षा निरीक्षक और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी एक सप्ताह के भीतर ऐसे विद्यालयों की सूची जिला कार्यालय को उपलब्ध कराएं. इससे अवैध रूप से संचालित स्कूलों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.
नियमों का पालन अनिवार्य
उन्होंने बताया कि बिहार राज्य बच्चों के मुफ्त एवं अनिवार्य शिक्षा नियमावली 2011 के तहत सभी निजी विद्यालयों के लिए विभागीय स्वीकृति लेना अनिवार्य है. बिना स्वीकृति के किसी भी विद्यालय का संचालन पूरी तरह अवैध है.
जुर्माने का प्रावधान
नियमों का उल्लंघन करने वाले विद्यालयों पर अधिनियम की धारा 18(5) एवं 19(5) के तहत कार्रवाई की जाएगी. ऐसे मामलों में एक लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है. निर्धारित समय सीमा के भीतर स्वीकृति नहीं लेने वाले विद्यालयों पर 1 लाख रुपये का दंड लगाया जाएगा.
प्रशासन सख्त
शिक्षा विभाग ने साफ संकेत दिया है कि अवैध रूप से चल रहे विद्यालयों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
