पति के बाहर चले जाने पर परिवार चलाने के लिए महिलाओं को करनी पड़ती है कड़ी मशक्कत

महिलाएं प्रखर होकर रख रही हैं अपने विचार

अब तक 1975 स्थानों पर हुआ कार्यक्रम, सात हजार से अधिक महिलाओं ने लिया भाग

अररिया. जिले में संचालित महिला संवाद कार्यक्रम सुदूरवर्ती ग्रामीण महिलाओं के लिए अपने सामुदायिक जीवन से जुड़ी समस्या व समुदाय के जीवन को बेहतर बनाने से संबंधित उनके व्यक्तिगत राय जाहिर करने का बड़ा मंच साबित हो रहा है. कार्यक्रम को लेकर महिलाएं उत्साहित हैं. यही कारण है कि संवाद कार्यक्रम में महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है. जिले में अब तक आयोजित संवाद कार्यक्रम में अब तक 53 हजार 686 महिलाएं सरकार से जुड़ी अपनी अपेक्षाएं साझा कर चुकी हैं. गुरुवार को रानीगंज में आयोजित महिला संवाद कार्यक्रम के दौरान प्रखंड की अनिता देवी ने महिलाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने संबंधी उपायों पर सरकार द्वारा विशेष पहल किये जाने की मांग की. उन्होंने कहा कि समय बदल गया है कि बड़ी संख्या में महिलाएं अब अपना रोजगार करना चाहती हैं. बहुत सी महिलाएं सिलाई का कार्य भी जानती हैं. लेकिन सिलाई सेंटर व स्थानीय स्तर पर कम काम होने की वजह से इसे रोजगार का रूप नहीं दे पाती. कुर्साकांटा प्रखंड की सुनीता देवी ने कहा कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में सरकार को सार्थक प्रयास करने की जरूरत है. हम जैसी कई महिलाओं के पति रोजगार के लिये दूसरे राज्य जाते हैं. घर पर अकेली महिलाओं को परिवार के भरण-पोषण सहित अन्य जरूरतों को पूरा करने के लिये कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है. अगर स्थानीय स्तर पर रोजगार मिलता तो हम अपने पति के साथ खुशी-खुशी अपना जीवन निर्वाह कर रहे होते. संवाद कार्यक्रम में महिलाएं प्रखर होकर सरकार के समझ अपने विचार व्यक्त कर रही हैं. जिले में अब तक आयोजित कार्यक्रम में 07 हजार 122 महिलाओं ने भाग लिया है. बीते 18 अप्रैल से जिले में जारी महिला संवाद कार्यक्रम अब तक कुल 1975 स्थानों पर आयोजित किया जा चुका है. आगामी 18 जून तक आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में कुल 2174 स्थानों पर कार्यक्रम के आयोजन का लक्ष्य निर्धारित है. 23

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स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड के ऋण की होगी वसूली

अररिया. बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के तहत पढ़ाई के लिए ऋण प्राप्त करने वाले ऐसे लाभुक जिनका ऋण अदायगी का समय शुरू हो चुका है. लेकिन रोजगार नहीं मिल पाने की स्थिति में वे ऋण अदा करने में असमर्थ हैं. योजना के वैसे लाभुक 15 से 30 जून के बीच इस आशय का शपथ पत्र बिहार राज्य शिक्षा वित्त निगम के जिला कार्यालय में जमा करें. इससे अगले 06 महीने तक ऋण की वसूली स्थगित कर दी जायेगी. बिहार राज्य शिक्षा वित्त निगम अररिया के सहायक प्रबंधक रवि राज ने बताया कि ऋण प्राप्त करने वाले लाभार्थियों को मैं बेरोजगार हूं व ऋण अदा करने में असमर्थ हूं लिखा शपथ पत्र निर्धारित समयावधि के अंदर जमा कराना है. जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि जिले में फिलहाल शिक्षा ऋण अदा करने योग्य लाभार्थियों की कुल संख्या 3274 है. इस संबंध में विस्तृत जानकारी प्रखंड कार्यालय अररिया स्थित डीआरसीसी से पता की जा सकती है.

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