अररिया जिले के जोकीहाट प्रखंड अंतर्गत भुना-मजगामा पंचायत में सरकारी पदों के आवंटन में कथित गड़बड़ी का मामला सामने आया है. ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि एक ही महिला को जीविका समूह की सीएम यानी सामुदायिक समन्वयक और स्वास्थ्य विभाग की आशा कार्यकर्ता, दोनों की जिम्मेदारी दी गई है.
मामले को लेकर सोमवार को भुना गांव निवासी मो. राशिब, पिता शमीम ने ग्रामीणों के साथ जिलाधिकारी अररिया को लिखित आवेदन सौंपा. आवेदन की प्रतियां जय हिंद सीएलएफ कार्यालय चिल्हनिया, बीपीआईयू जोकीहाट और डीपीसीयू अररिया को भी भेजी गई हैं.
कई महिलाओं के दो पदों पर कार्यरत होने का आरोप
आवेदन में आरोप लगाया गया है कि भुना गांव की कसीरा पति रेहान, बीबी अफसरी पति मुबारक, बीबी रुखसाना पति जुम्मन और हेना प्रवीण पति कलाम एक साथ सीएम और आशा कार्यकर्ता के पद पर कार्यरत हैं.
इसके अलावा ग्रामीणों ने दुर्गापुर निवासी अमरा खातून पति इमरान के सीएम पद पर रहते हुए वर्तमान में दिल्ली में रहने का आरोप लगाया है. वहीं कलकली गांव की नमिता देवी पति राजेंद्र विश्वास पर एचएनएसएमआरपी पद पर रहते हुए आशा का कार्य करने का आरोप लगाया गया है. किशनपुर की नीतू देवी पति बंटी कुमार विश्वास के सीएनआरपी के साथ आशा दीदी की जिम्मेदारी संभालने का भी दावा किया गया है.
नियमों की अनदेखी का लगाया आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि नियमों की अनदेखी कर एक व्यक्ति को दो पदों की जिम्मेदारी दिए जाने से जरूरतमंद महिलाओं को रोजगार का अवसर नहीं मिल पा रहा है. वहीं बाहर रहने वाली महिलाओं के नाम पर सरकारी राशि के दुरुपयोग का भी आरोप लगाया गया है. ग्रामीणों के अनुसार, इससे स्वास्थ्य और जीविका योजनाओं का जमीनी स्तर पर संचालन प्रभावित हो रहा है.
ग्रामीणों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने और रिक्त पदों पर नियमानुसार नई नियुक्ति करने की मांग की है. आवेदन मिलने के बाद प्रशासन ने मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है.
