परवाहा (अररिया) से रवीन्द्र कुमार यादव की रिपोर्ट:
अररिया: जिले के रानीगंज नगर पंचायत स्थित फरियानी नदी के कदमघाट पर आज तक पुल निर्माण नहीं होने से स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है. आजादी के करीब आठ दशक बाद भी हजारों ग्रामीण जान जोखिम में डालकर नदी पार करने को मजबूर हैं.
कदमघाट होकर बगुलाहा, कबिलासा, कोशकापुर उत्तर और कोशकापुर दक्षिण पंचायत समेत कई गांवों के लोगों का प्रतिदिन आना-जाना होता है. स्कूली बच्चे, किसान, मजदूर और मरीजों को नदी पार करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. कई लोग साइकिल को कंधे पर रखकर नदी पार करते नजर आते हैं.
ग्रामीणों का कहना है कि सरकार गांव-गांव सड़क और पुल-पुलिया निर्माण का दावा करती है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है. वर्षों से लोग कदमघाट पर पुल निर्माण की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक सिर्फ आश्वासन ही मिला है.
स्थानीय लोगों ने बताया कि कई बार सांसद और विधायक से पुल निर्माण की गुहार लगाई गई. चुनाव के दौरान नेताओं ने पुल बनाने का वादा भी किया, लेकिन आज तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका.
पुल नहीं होने से बढ़ रही परेशानी
बरसात के दिनों में नदी का जलस्तर बढ़ने पर स्थिति और गंभीर हो जाती है. लोगों को लंबी दूरी तय कर दूसरे रास्तों का सहारा लेना पड़ता है. कई बार दुर्घटना का खतरा भी बना रहता है.
ग्रामीणों में इस बात को लेकर नाराजगी है कि इतने वर्षों बाद भी क्षेत्र को बुनियादी सुविधा तक नहीं मिल सकी. लोगों ने जल्द पुल निर्माण शुरू कराने की मांग की है.
विभाग ने जल्द कार्रवाई का दिया भरोसा
इस संबंध में ग्रामीण कार्य विभाग फारबिसगंज के कार्यपालक अभियंता निकेत कुमार ने बताया कि कदमघाट पर पुल निर्माण को लेकर आवश्यक प्रक्रिया चल रही है. उन्होंने कहा कि जल्द ही निर्माण कार्य शुरू कराने का प्रयास किया जा रहा है.
