Sundarnath Dham: कुर्साकांटा (अररिया). ऐतिहासिक शिव मंदिर सुंदरनाथ धाम में पवित्र सावन माह की अंतिम सोमवारी को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं. अंतिम सोमवारी पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा एवं भीड़ प्रबंधन की विशेष व्यवस्था की जा रही है. मनिहारी से पवित्र गंगाजल लेकर बड़ी संख्या में कांवरिया सुंदरनाथ धाम पहुंचेंगे, वहीं पड़ोसी देश नेपाल से भी श्रद्धालुओं के आने की संभावना है.
अंतिम सोमवारी पर उमड़ेगी श्रद्धालुओं की भीड़
पूर्व मंत्री सह सिकटी विधायक एवं सुंदरी मठ न्यास समिति के अध्यक्ष विजय कुमार मंडल ने बताया कि अंतिम सोमवारी को सुंदरनाथ धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रहती है. सावन के अंतिम सोमवार होने के कारण मनिहारी से गंगाजल लेकर कांवरिया और अन्य श्रद्धालु जलाभिषेक के लिए यहां पहुंचते हैं. नेपाल के विभिन्न क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर में पूजा-अर्चना के लिए आते हैं.
सुरक्षा के लिए पुलिस बल की रहेगी तैनाती
श्रद्धालुओं को जलाभिषेक के दौरान किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो, इसके लिए स्थानीय प्रशासन के साथ जिला पुलिस बल की तैनाती की जाएगी. मंदिर परिसर और आसपास सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष नजर रखी जाएगी. एसएसबी के जवानों को भी तैनात किया जाएगा.
बेरीकेडिंग के जरिए गर्भगृह तक पहुंचेंगे श्रद्धालु
श्रद्धालुओं की भीड़ को नियंत्रित करने और उन्हें सुरक्षित तरीके से गर्भगृह तक पहुंचाने की जिम्मेदारी स्काउट एंड गाइड के स्वयंसेवकों को भी दी गई है. बेरीकेडिंग के माध्यम से श्रद्धालुओं की कतार को व्यवस्थित रखा जाएगा, ताकि जलाभिषेक के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था नहीं हो.
सीसीटीवी और ड्रोन से होगी निगरानी
सुंदरी मठ न्यास समिति के कोषाध्यक्ष प्रणव गुप्ता ने बताया कि भारी भीड़ को नियंत्रित करने और असामाजिक तत्वों पर नजर रखने के लिए मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी. इसके साथ ही ड्रोन कैमरे के माध्यम से भी पूरे क्षेत्र की निगरानी रखने की तैयारी है.
श्रद्धालुओं की सुविधा पर विशेष जोर
Sundarnath Dham: न्यास समिति और प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा और सुचारू जलाभिषेक की व्यवस्था पर विशेष जोर दिया जा रहा है. अंतिम सोमवारी पर बड़ी संख्या में कांवरियों और श्रद्धालुओं के पहुंचने को देखते हुए सभी संबंधित एजेंसियों को आपसी समन्वय के साथ काम करने की तैयारी की जा रही है.
