अररिया जिले के फारबिसगंज शहर स्थित पटेल चौक के समीप हनुमान मंदिर प्रांगण में बजरंग दल की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई. बैठक का मुख्य एजेंडा क्षेत्र में संगठन की मजबूती, उसका विस्तार और सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ एकजुटता बनाना रहा. बजरंग दल के पूर्व जिला संयोजक मनोज सोनी की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में सनातन समाज की रक्षा, धार्मिक स्थलों के संरक्षण और युवाओं को संगठन से जोड़ने को लेकर कई ठोस निर्णय लिए गए.
प्रत्येक सप्ताह मंदिरों में आयोजित होंगे 'मिलन केंद्र'
बैठक के दौरान संगठन के विस्तार और हिंदू समाज में समरसता बढ़ाने के लिए एक विशेष रणनीति तैयार की गई:
- साप्ताहिक मिलन केंद्र: निर्णय लिया गया कि अररिया जिले के विभिन्न प्रखंडों व फारबिसगंज शहर के मठ-मंदिरों तथा धार्मिक स्थलों पर हर सप्ताह निश्चित रूप से 'मिलन केंद्र' का आयोजन किया जाएगा.
- हनुमान चालीसा व आरती: इन मिलन केंद्रों के माध्यम से स्थानीय कार्यकर्ता और नागरिक एकजुट होंगे, जहाँ सामाजिक विषयों पर चर्चा की जाएगी. इसके साथ ही सामूहिक हनुमान चालीसा का पाठ और आरती का आयोजन नियमित रूप से किया जाएगा.
"लव जिहाद रोकने के लिए बने सख्त कानून": मनोज सोनी
बैठक को संबोधित करते हुए पूर्व जिला संयोजक मनोज सोनी ने सामाजिक और धार्मिक मुद्दों पर अपनी बात प्रखरता से रखी:
"सनातन संस्कृति और समाज को कमजोर करने के उद्देश्य से एक बड़ी साजिश के तहत हिंदू बहु-बेटियों को निशाना बनाया जा रहा है. उन्हें बरगलाकर शोषण करने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं. ऐसी स्थिति में सरकार को अविलंब 'लव जिहाद' के खिलाफ कठोर और गैर-जमानती कानून बनाना चाहिए, ताकि सनातन समाज की बहन-बेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके."
बड़ी संख्या में मौजूद रहे कार्यकर्ता
संगठनात्मक चर्चा के इस कार्यक्रम में फारबिसगंज और आसपास के इलाकों से बजरंग दल और हिंदू संगठनों से जुड़े दर्जनों कार्यकर्ताओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया.
बैठक में मुख्य रूप से आरव गुप्ता, संजीव रजक, विनय सिंह, राहुल राज, अभिषेक कुमार, दीपक झा, विनय राय और ललित यादव सहित बड़ी संख्या में युवा व कार्यकर्ता उपस्थित रहे. सभी सदस्यों ने संगठन द्वारा तय किए गए कार्यक्रमों को धरातल पर उतारने और समाज को जागरूक करने का संकल्प लिया.
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