नरपतगंज : प्रखंड क्षेत्र के बसमतिया थाना अंतर्गत भारत-नेपाल सीमा से सटे बॉर्डर के बेला वार्ड संख्या 9 में बुधवार देर रात दो नेपाली नागरिकों के अपहरण के बाद स्थानीय ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची बसमतिया थाने की पुलिस को आधा दर्जन अपराधियों द्वारा बंधक बनाकर रखने का मामला सामने आया है.
बंधकों को कराया मुक्त, पांच गिरफ्तार
नरपतगंज : प्रखंड क्षेत्र के बसमतिया थाना अंतर्गत भारत-नेपाल सीमा से सटे बॉर्डर के बेला वार्ड संख्या 9 में बुधवार देर रात दो नेपाली नागरिकों के अपहरण के बाद स्थानीय ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची बसमतिया थाने की पुलिस को आधा दर्जन अपराधियों द्वारा बंधक बनाकर रखने का मामला सामने आया है. इस दौरान अपराधियों […]

इस दौरान अपराधियों ने विरोध करने वाले पड़ोस के नरेश यादव पिता जगन्नाथ यादव के साथ भी मारपीट कर उसे बंधक बना लिया. सूचना मिलते ही मौके पर बसमतिया थानाध्यक्ष पारितोष कुमार दास, फुलकहा थानाध्यक्ष हरेश तिवारी व बेला कैंप के जवान समेत स्थानीय जनप्रतिनिधि पहुंचे व सहित सभी को मुक्त कराया.
उसके बाद त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने घटना में शामिल अररिया, सुपौल, मधुबनी सहित अन्य जिलों से पहुंचे पांच अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया. वहीं मुख्य आरोपित बेला वार्ड संख्या 9 निवासी केवल यादव पुलिस के सामने हवाई फायरिंग कर भाग निकला. इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है.
सूत्रों की मानें तो मामला तस्करी व आपसी लेनदेन से जुड़ा प्रतीत हो रहा है. हालांकि काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने सभी पांचों अपराधियों को गिरफ्तार कर थाने लायी, जहां पूछताछ के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया.
गिरफ्तार अपराधियों में ओम प्रकाश यादव, कुशेश्वर यादव, शेखर यादव, राहुल कुमार, दिलीप मेहता हैं. बेला वार्ड संख्या 9 निवासी केवल यादव अपराधी छवि का है. बुधवार की रात वह दो नेपाली नागरिकों को अपने घर में बंधक बनाकर मारपीट कर रहा था. हो- हल्ला सुनकर पड़ोस के नरेश यादव बीच बचाव करने लगे, जिसे केवल यादव ने पकड़ना चाहा, लेकिन नरेश भागकर अपने घर पहुंच गया.
तब आधा दर्जन युवकों के साथ केवल यादव उनके घर पहुंचकर नरेश व उसकी पत्नी को मारपीट कर घायल कर दिया फिर नरेश यादव को अपने घर लाकर बंधक बना लिया. परिजनों ने यह जानकारी बसमतिया पुलिस को दी. सूचना पर बसमतिया ओपी के एएसआई नारायण तिवारी, कौशल यादव आदि ने घटनास्थल पर पहुंचकर दोनों नेपाली नागरिकों समेत नरेश यादव को छुड़ाने का प्रयास किया.
इस पर सभी आरोपित आक्रोशित हो गये व पुलिस पर हमला करते हुए उन्हें भी बंधक बना लिया. इसकी सूचना मिलते ही बसमतिया ओपीध्यक्ष परितोष कुमार दास कई थानों की पुलिस व एसएसबी जवानों के सहयोग से केवल यादव के घर छापेमारी कर दोनों नेपाली नागरिकों, नरेश यादव समेत पुलिसकर्मियों को मुक्त कराते हुए थाने लाये.
इसके बाद पुलिस ने घटनास्थल से अररिया, सुपौल, मधुबनी समेत अन्य जिलों के पांच अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया, जबकि केवल यादव पुलिस को चकमा देकर भाग निकला. हालांकि पुलिस ने दोनों नेपाली नागरिकों को मुक्त कराते हुए घटनास्थल से दो नेपाली बाइक व एक भारतीय नंबर की बाइक को भी जब्त किया है.
कहते हैं ओपी अध्यक्ष
बसमतिया ओपी अध्यक्ष पारितोष कुमार दास ने बताया कि बंधक बने लोगों को मुक्त कराते हुए पांच व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है. प्राथमिकी दर्ज कर सभी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया. घटना में शामिल मुख्य आरोपित को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जायेगा.
नेपाली नागरिकों को बंधक बनाने के बाद उनके परिजनों से मांगी थी 10 लाख की फिरौती
नरपतगंज. प्रखंड क्षेत्र के भारत नेपाल सीमा से सटे बेला के वार्ड संख्या 9 में दो नेपाली नागरिकों के अपहरण के घंटों बाद बेला निवासी केवल यादव ने दोनों नेपाली नागरिक के परिजनों के घर फोन कर अपने को एसएसबी जवान बताते हुए 10 लाख की फिरौती की मांग की थी. सूत्रों की माने तो नेपाली नागरिकों को बंधक बनाये जाने का मामला पूर्णरूपेण तस्करी से जुड़ा हुआ है.
तस्करी के लेन-देन के विवाद के कारण अपहरण की घटना घटित हुई है. बहरहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है. इधर अपराधियों के चुंगल से मुक्त कराये गये नेपाली नागरिकों में सूजन मगर पिता राम बहादुर मगर इटहरी नेपाल व राजू बजगई पिता दुर्गा बजगई मोरंग जिला के गछिया थाना सुंदरपुर निवासी बताये जाते हैं. पुलिस उनसे भी गहन पूछताछ कर रही है.