महिला की उसी की साड़ी से गला दबा कर की गयी थी हत्या
13 मई 2018 को हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी अंतिमा की शादी
दहेज में बाइक की मांग पूरी नहीं करने पर हत्या को दिया अंजाम
मेजरगंज : फिर एक नवविवाहिता इंसानियत को शर्मसार करनेवाले दानवों द्वारा दहेज की बलि चढ़ा दी गयी. थाना क्षेत्र के भलोहिया गांव में गुरुवार की रात एक नवविवाहिता की हत्या ससुराल वालों ने कर दी तथा शव को घर से करीब 300 गज दूर दक्षिण दिशा में बांस व आम के बगीचा में फेंक दिया.
शुक्रवार की सुबह बगीचा में गये एक ग्रामीण की नजर शव पर पड़ी तथा उसने इसकी सूचना ग्रामीणों को दिया. देखते ही देखते घटनास्थल पर सैकड़ों लोगों की भीड़ इकठ्ठी हो गयी.
वहां पहुंचे स्थानीय चौकीदार राम सागर राय ने इसकी सूचना थानाध्यक्ष को दिया. थानाध्यक्ष अशोक कुमार सिंह, सब-इंस्पेक्टर राजदेव राय, सअनि जितेंद्र सिंह दल-बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे तथा शव का बारिकी से मुआयना किया.
मृतका की गर्दन उसी की साड़ी से कसी थी, अर्धनग्न अवस्था में पड़ी उसके मुख से जीभ (जुबान) बाहर आ गया था तथा नाक व होठ पर खून के धब्बे पाये गये. जिसे देख थानाध्यक्ष ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह हत्या का मामला लगता है.
थाना पुलिस ने उसके घर का मुआयना किया जहां घर में कोई नहीं था. तब तक घटनास्थल पर मृतका के पिता नेपाल के सर्लाही जिले के अरनाहा वार्ड नंबर-पांच निवासी रामेश्वर महतो अन्य सहयोगियों के साथ पहुंचे.
उसने बताया कि उसकी पुत्री अंतिमा की शादी गत वर्ष 13 मई 2018 को हिंदू रीति-रिवाज के साथ हुई थी. शादी के बाद से ही उसका दामाद राकेश महतो व उसके पिता महेश महतो तथा उसकी बहन द्वारा दहेज में बाइक की मांग किया जा रहा था तथा छोटी-छोटी बात पर उसकी पुत्री को अक्सर प्रताड़ित किया जाता था. बहरहाल पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है. समाचार लिखे जाने तक प्राथमिकी की प्रक्रिया चल रही थी.
