एटीएम लूट : प बंगाल-दिल्ली से गैंग हो रहा ऑपरेट, लोकल बदमाशों ने दिया घटना को अंजाम

पटना : शहर के चार एटीएम को काट कर सनसनी फैलाने वाले गिरोह के तार पश्चिम बंगाल व दिल्ली से जुड़े हुए हैं. इसे लेकर पुलिस ने पश्चिम बंगाल व दिल्ली पुलिस से संपर्क साधा है. साथ ही औरंगाबाद जिले में पटना पुलिस की चार टीम छापेमारी कर रही है. सूत्रों का कहना है कि […]

पटना : शहर के चार एटीएम को काट कर सनसनी फैलाने वाले गिरोह के तार पश्चिम बंगाल व दिल्ली से जुड़े हुए हैं. इसे लेकर पुलिस ने पश्चिम बंगाल व दिल्ली पुलिस से संपर्क साधा है. साथ ही औरंगाबाद जिले में पटना पुलिस की चार टीम छापेमारी कर रही है. सूत्रों का कहना है कि यहां से दो लोगों को हिरासत में लिया गया है.
यह अंतरराज्यीय गिरोह किसी भी राज्य में घटना को अंजाम देने को वहां के लोकल अपराधियों को हायर करता है. इस मामले में भी गिरोह ने औरंगाबाद के अपराधियों को हायर किया था और एटीएम काटने वाले एक एक्सपर्ट को भेजा था. हालांकि, यह अभी तक पुष्ट नहीं है.
तीन एटीएम के मेंटनेंस की जिम्मेदारी एक एजेंसी को : जांच में यह बात सामने आयी है कि जक्कनपुर, आलमगंज व सुल्तागंज में स्थित एटीएम में पैसा डालने से लेकर मेंटनेंस की जिम्मेदारी एक ही एजेंसी इपीएस के अधीन है.
इसके कारण यह शक है कि इस एजेंसी से जुड़े पूर्व कर्मचारी इस घटना से जुड़े हो सकते हैं. कदमकुआं के जिस केनरा बैंक एटीएम से पैसे निकाले गये हैं, वह किसी दूसरी एजेंसी के अधीन है.
डंप डेटा में दिखा औरंगाबाद का लोकेशन
पटना पुलिस की टीम ने मामले की जांच की तो यह पता चला है कि अपराधी अनिसाबाद से बाइपास से मीठापुर बस स्टैंड आये हैं और फिर चार एटीएम को काट कर वापस अशोक राजपथ होते दानापुर की ओर निकल गये हैं. इसके बाद वे लोग बिहटा होते हुए अागे बढ़े हैं.
यह जानकारी पुलिस को सीसीटीवी कैमरा व एएनपीआर कैमरा से मिली है. पुलिस ने घटना के समय के दौरान उन चारों एटीएम के इर्द-गिर्द सक्रिय मोबाइल फोन का डंप डेटा निकाला, तो जानकारी मिली कि अब उन मोबाइल फोन का लोकेशन औरंगाबाद जिले में है. इसके कारण पुलिस को शक है कि औरंगाबाद में ही गिरोह के सदस्य हैं.
400 एटीएम में से 80% में नहीं होता नियम का अनुपालन
पटना जिले में पुलिस द्वारा करायी गयी 400 एटीएम की जांच में से 80% यानी करीब 320 में नियमों का अनुपालन नहीं होता है. पटना पुलिस ने अपने-अपने इलाके की एटीएम जांच की.
इसमें पाया गया कि उन एटीएम में से किसी में सीसीटीवी कैमरे काम नहीं कर रहे हैं, तो किसी में अलार्म नहीं है. सबसे अहम बात यह पायी गयी कि अधिकतर एटीएम में गार्ड की व्यवस्था नहीं है.
इस मामले को पटना पुलिस ने काफी गंभीरता से लिया है. पटना पुलिस ने एडीएम बैंकिंग को वैसे तमाम एटीएम के एनओसी को रद्द करने की अनुशंसा की है, जो एटीएम के रखने के लिए बनाये गये नियमों का अनुपालन नहीं करते हैं.
बैंक अधिकारियों के साथ जल्द मीटिंग
बताया जाता है कि एटीएम खोलने के पूर्व में एडीएम बैंकिंग से एनओसी ली जाती है. जिसमें गार्ड रखने, हाइ फ्रिक्वेंसी कैमरे की व्यवस्था, अलार्म लगाने, आग से बचाव की व्यवस्था करना जरूरी नियमों में शामिल होता है.
लेकिन, अगर इन नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है, तो वह एक तरह से नियमों का उल्लंघन माना जायेगा. इसके अलावा पुलिस जल्द ही बैंक के अधिकारियों से भी मीटिंग करेगी. ताकि, वे एटीएम की सुरक्षा को लेकर कदम उठाएं.
पटना जिले में जिन 400 एटीएम की जांच की गयी, उनमें से 80% एटीएम में नियमों का अनुपालन नहीं किया गया है. इसके लिए एडीएम बैंकिंग से उन एटीएम के एनओसी को रद्द करने की अनुशंसा की गयी है.
– राजेंद्र भील, सिटी एसपी (पूर्वी)

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Tags
ATM

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >